ब्रिटिश लिबरल डेमोक्रेट नेता एड डेवी ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की तीखी आलोचना करते हुए उन्हें 'इंटरनेशनल गैंगस्टर' करार दिया है। यह विवाद तब बढ़ा जब ट्रंप ने ग्रीनलैंड को खरीदने की अपनी योजना का विरोध करने वाले देशों (ब्रिटेन सहित) पर 10% टैरिफ लगाने की धमकी दी।
British Leader Challenged Trump: ब्रिटेन के लिबरल डेमोक्रेट्स के नेता सर एड डेवी ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप पर संसद में तीखा हमला बोला है। उन्होंने ट्रंप को अंतरराष्ट्रीय गुंडा (International Gangster), बुली और अमेरिका का अब तक का सबसे भ्रष्ट राष्ट्रपति करार दिया। डेवी ने कहा कि ट्रंप ग्रीनलैंड पर जबरदस्ती कब्जा करने की कोशिश कर रहे हैं और विरोध करने वाले यूरोपीय सहयोगियों पर टैरिफ थोपकर गुंडागर्दी कर रहे हैं। यह बयान 20 जनवरी 2026 को ब्रिटिश संसद में दिया गया, जहां वैश्विक कूटनीति को अत्यंत गंभीर संकट का पल बताया गया।
ट्रंप ने हाल ही में डेनमार्क से ग्रीनलैंड खरीदने या नियंत्रण में लेने की मांग तेज की है। उन्होंने राष्ट्रीय सुरक्षा के नाम पर दावा किया कि चीन और रूस के खतरे से निपटने के लिए अमेरिका को ग्रीनलैंड की जरूरत है। डेनमार्क और ग्रीनलैंड ने साफ इनकार किया, तो ट्रंप ने 8 यूरोपीय देशों-ब्रिटेन, डेनमार्क, नॉर्वे, स्वीडन, फ्रांस, जर्मनी, नीदरलैंड्स और फिनलैंड-पर 1 फरवरी से 10% आयात टैरिफ लगाने की घोषणा की, जो जून तक 25% तक बढ़ सकती है। ये टैरिफ तब तक रहेंगे, जब तक ग्रीनलैंड पर पूर्ण और पूर्ण सौदा नहीं हो जाता। ट्रंप ने सोशल मीडिया पर ग्रीनलैंड में अमेरिकी झंडा गाड़े फर्जी तस्वीरें और ग्रीनलैंड-कनाडा को अमेरिका का हिस्सा दिखाने वाले मैप पोस्ट किए, जिससे विवाद भड़क गया।
एड डेवी ने संसद में कहा कि राष्ट्रपति ट्रंप अंतरराष्ट्रीय गुंडे की तरह व्यवहार कर रहे हैं। उन्होंने एक सहयोगी देश की संप्रभुता पर पैर रखने की धमकी दी, NATO को पूरी तरह खत्म करने की बात की, और अब हमारे देश समेत सात यूरोपीय सहयोगियों पर तब तक आउटेजियस टैरिफ थोपने की धमकी दे रहे हैं, जब तक उन्हें ग्रीनलैंड नहीं मिल जाता। उन्होंने ट्रंप को बुली बताया, जो 'जो चाहे जबरदस्ती हथियाने की सोचता है' और कहा कि केवल पुतिन और शी जिनपिंग ही उनका समर्थन कर रहे हैं। डेवी ने ब्रिटिश सरकार पर भी निशाना साधा, कहा कि पिछले महीनों से ट्रंप को खुश करने की नीति विफल रही है। उन्होंने चेतावनी दी कि दो रास्ते हैं- ट्रंप को क्रिप्टो में कुछ अरब देकर रिश्वत देना या यूरोपीय सहयोगियों के साथ मिलकर उसे पीछे हटने पर मजबूर करना।
यह विवाद ट्रांसअटलांटिक संबंधों में गहरा संकट पैदा कर रहा है। फ्रांस की एक मंत्री ने ट्रंप की रणनीति को 'ब्लैकमेल' बताया। यूरोपीय संघ ने टैरिफ के जवाब में अमेरिकी आयात पर प्रतिबंध की तैयारी शुरू कर दी है। ब्रिटेन में कुछ सांसदों ने अप्रैल में प्रस्तावित किंग चार्ल्स की अमेरिका यात्रा रद्द करने की मांग की है, ताकि "एक्सटॉर्शन" को राजकीय सम्मान न मिले। प्रधानमंत्री कीर स्टार्मर ने ट्रंप से फोन पर बात की और टैरिफ को "गलत" बताया, लेकिन जवाबी टैरिफ से इनकार किया।