विदेश

फ्रांस ने चुपचाप बदल दिया झंडे का रंग, अपने नागरिकों को भी नहीं बताया, जानिए इमेनुएल ने क्या जोड़ा और क्या हटाया

फ्रांस के नेशनल फ्लैग का में नीला रंग यूरोपीय यूनियक के झंडे वाले नीले रंग से मेल खाता था। 1976 में राष्ट्रपति वालेरी गिस्कार्ड डी'स्टाइंग ने यह रंग तय किया था। प्रेसिडेंसी की तरफ से कहा गया है कि द प्रेसिडेंट ऑफ रिपब्लिक ने नेवी ब्लू कलर को तिरंगे झंडे के लिए चुना है। यह झंडा पर एलिसी पैलेस पर लगाया गया है।  
less than 1 minute read
Nov 16, 2021
france.jpg

नई दिल्ली।

फ्रांस ने अपने झंडे का रंग चुपके से बदल दिया है। राष्ट्रपति इमेनुअल मैक्रो ने देश के झंडे के नीले रंग में बदलाव कर दिया है।

फ्रांस के झंडे में पहले से मौजूद नीले रंग को नेवी ब्लू में बदल दिया गया है। यह रंग 1976 से पहले राष्ट्रीय ध्वज का हिस्सा होता था। एलिसी पैलेस को सुशोभित करने वाले झंडे के नीले रंग का परिवर्तन पहली बार एक साल पहले किया गया था, लेकिन काफी हद तक किसी का ध्यान नहीं गया।

इस संबंध में देश को जानकारी नहीं देने को लेकर उनकी आलोचना हो रही है। इस रंग को फ्रांसीसी क्रांति का प्रतीक बताया गया है। हालांकि, सरकार के भीतर ही नए रंग को लेकर अलग-अलग राय थी।

भले ही राष्ट्रपति की तरफ से नेशनल फ्लैग को बदलने की जानकारी अब दी गई हो लेकिन झंडे में यह बदलाव राष्ट्रपति के संबोधन के दौरान 31 दिसंबर 2018 को भी दिखा था। हालांकि, उस समय इसपर किसी का खास ध्यान नहीं गया। फ्रांस के राष्ट्रपति की तरफ से किया गया यह दूसरा महत्वपूर्ण बदलाव है। इससे पहले उन्होंने प्रेसिडेंसी के लोगो में लोरेन क्रॉस को जोड़ा था।

फ्रांस के तिरंगे में नीला, लाल और सफेद रंग का शामिल है। नीला और लाल को फ्रांस का पारंपरिक रंग माना जाता है। राष्ट्र ध्वज में नीला रंग स्वतंत्रता, सफेद रंग समानता और लाल रंग भाईचारे के प्रतीक के रूप में लिया गया है। फ्रांसीसी झंडे को जैक्स लुई डेविड ने डिजाइन किया था। इसे साल 1794 में नेशनल फ्लैग के रूप में अपनाया गया था।

Published on:
16 Nov 2021 05:33 pm