Sejjil: ईरान ने युद्ध के 16वें दिन इजराइल और अमेरिका के खिलाफ अपनी सबसे आधुनिक 'डांसिंग मिसाइल' का इस्तेमाल किया है। यह मिसाइल हवा में रास्ता बदल कर दुश्मनों के डिफेंस सिस्टम को आसानी से चकमा देने में माहिर है।
Iran-Israel War: ईरान और इजराइल के बीच चल रहा भयानक महायुद्ध अब एक बेहद खतरनाक मोड़ पर आ गया है (Iran Israel War)। युद्ध के सोलहवें दिन ईरान ने पहली बार अपनी सबसे मारक मिसाइल का इस्तेमाल कर दुनिया को चौंका दिया है (Dancing Missile)। इस बेहद घातक और अचूक हथियार को सैन्य विशेषज्ञ सेज्ज़िल मिसाइल के नाम से जानते हैं (Sejjil Missile)। यह मिसाइल अब अमेरिका और इजराइल के मजबूत सुरक्षा तंत्र के लिए सबसे बड़ा खतरा बन चुकी है (US Military)। रक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि यह मिसाइल हवा में बहुत तेजी से अपनी दिशा बदलने में पूरी तरह सक्षम है (Ballistic Missile)। इसकी सटीक मारक क्षमता करीब दो हजार किलोमीटर तक बताई जा रही है जो किसी भी लक्ष्य को भेद सकती है (Target Range)। यह ठोस ईंधन से चलने वाली एक बेहद आधुनिक और शक्तिशाली बैलिस्टिक मिसाइल है (Solid Fuel)। इसे 'आयरन डोम' जैसे दुनिया के सबसे बेहतरीन डिफेंस सिस्टम को आसानी से चकमा देने के लिए खास तौर पर डिजाइन किया गया है (Iron Dome)। इस अचानक हुए मिसाइल हमले के बाद से ही खाड़ी देशों और पश्चिमी मुल्कों में भारी खलबली मच गई है (Middle East Conflict)। युद्ध के लगातार बढ़ते तनाव के बीच ईरान का यह आक्रामक कदम आगे की रणनीति को लेकर बहुत बड़े संकेत दे रहा है (War Updates)।
ईरान के इस विध्वंसक कदम के बाद दुनिया भर के रक्षा विशेषज्ञों और वैश्विक नेताओं ने गहरी चिंता जताई है। अमेरिका और इजरायल का आधिकारिक तौर पर कहना है कि वे इस नई और घातक चुनौती का डट कर सामना करने के लिए पूरी तरह तैयार हैं। अमेरिकी रक्षा विभाग पेंटागन ने स्पष्ट कर दिया है कि वे मध्य पूर्व में स्थित अपने सभी सैन्य ठिकानों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए किसी भी हद तक जाएंगे। दूसरी ओर, ईरान की सेना और सरकार का दावा है कि यह हमला उनकी राष्ट्रीय संप्रभुता और सम्मान की रक्षा के लिए उठाया गया एक बेहद जरूरी कदम है। दोनों पक्षों के इस कड़े रुख से शांति की उम्मीदें फिलहाल धूमिल नजर आ रही हैं।
उल्लेखनीय है कि यह भीषण युद्ध 28 फरवरी को शुरू हुआ था और अब अपने 16वें दिन में प्रवेश कर चुका है। यह संघर्ष तब और भड़क गया जब अमेरिका और इजरायल के संयुक्त हवाई हमलों में ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई की जान चली गई। इस बड़ी घटना के बाद पूरे मध्य पूर्व में तनाव अपने चरम पर पहुंच गया। पेंटागन द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार, अब तक 15,000 से अधिक ठिकानों पर बमबारी की जा चुकी है। इस विनाशकारी युद्ध में अब तक 2,000 से अधिक लोगों की दर्दनाक मौत हो चुकी है, जिनमें से अधिकतर नागरिक ईरान के ही हैं।
इस पूरी खबर का एक अहम पहलू यह भी है कि जिस सेज्ज़िल मिसाइल ने तहलका मचाया है, उसकी खासियत हैरान करने वाली है। यह मिसाइल लगभग 18 मीटर लंबी है और इसका कुल वजन 23,600 किलोग्राम से ज्यादा है। इस मिसाइल को 90 के दशक की शुरुआत में विकसित करने का काम शुरू किया गया था। पुराने समय के तरल ईंधन वाले हथियारों की तुलना में इसे बहुत तेजी से लॉन्च किया जा सकता है। युद्ध की गंभीरता को देखते हुए अमेरिका ने अपनी सुरक्षा बढ़ाते हुए अपने विशाल जंगी जहाज 'यूएसएस त्रिपोली' को 2500 मुस्तैद नौसैनिकों के साथ इस अशांत क्षेत्र में तैनात कर दिया है