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‘अमेरिका-इजराइल के सैनिकों को चुन-चुनकर मारेंगे’, ईरान की बड़ी घोषणा, पड़ोसी देश के लोगों से कहा- तुरंत इलाका छोड़ें

ईरान ने अमेरिका-इजराइल के सैनिकों को चुन-चुनकर मारने की कसम खाई है। ट्रंप शांति प्रयासों में जुटे हैं, लेकिन ईरानी सेना ने पश्चिम एशिया के नागरिकों को चेतावनी देते हुए कहा कि कायर अमेरिकी-इजराइली ताकतें निर्दोष लोगों को मानव ढाल बनाने की कोशिश कर रही हैं।
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Mar 27, 2026
Mojtaba Khamenei health update
मोजतबा खामेनई की हेल्थ अपडेट को लेकर ईरान ने दी जानकारी (Photo-IANS)

ईरान ने अमेरिका-इजराइल के सैनिकों को चुन-चुनकर मारने की कसम खा ली है। जहां एक तरफ अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप युद्ध खत्म करने के लिए शांति के प्रयास में जुटे हैं। वहीं, दूसरी ओर ईरान ने बड़ी घोषणा कर दी है।

ईरानी सेना ने अपने पड़ोसी पश्चिम एशियाई देशों के नागरिकों को एक नई चेतावनी जारी की है। प्रेस टीवी द्वारा जारी एक संदेश में ईरानी सेना ने कहा- यह मैसेज पश्चिम एशिया के लोगों के लिए है।

उन्होंने कहा- कायर अमेरिकी-इजराइली ताकतें, जिनमें अपने खुद के सैन्य ठिकानों की रक्षा करने का साहस और क्षमता नहीं है, वह इस्लाम के लड़ाकों के डर से निर्दोष नागरिकों को मानव ढाल के रूप में इस्तेमाल करने की कोशिश कर रही हैं।

इलाका तुरंत छोड़ने की सलाह

ईरानी सेना ने कहा- अमेरिकी और इजराइली ताकतों को खत्म करना हमारा कर्तव्य है, जो लापरवाही से ईरानी नागरिकों को मारते हैं और प्रमुख हस्तियों को निशाना बनाते हैं। इसलिए हम उन्हें जहां भी पाएंगे चुन-चुनकर मारेंगे।

उन्होंने आगे कहा- इसलिए हम आपको सलाह देते हैं कि आप उन इलाकों को तुरंत छोड़ दें जहां अमेरिकी सेना तैनात है, ताकि आप किसी भी नुकसान से बच सकें।

ऑपरेशन में बनाया गया अमेरिका-इजराइल को निशाना

ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशन गार्ड्स कॉर्प्स (आईआरजीसी) ने गुरुवार को 'ऑपरेशन ट्रू प्रॉमिस 4' को अंजाम देने की घोषणा की। इसके तहत पूरे क्षेत्र में प्रमुख अमेरिकी और इजराइली सैन्य ठिकानों को मिसाइलों और ड्रोन से निशाना बनाया गया।

इन हमलों में अमेरिकी और इजराइली ताकतों से जुड़ी कई रणनीतिक संपत्तियों को निशाना बनाया गया। लक्ष्यों में अशदोद में भंडारण टैंक और तेल डिपो को टार्गेट किया गया। वहीं, मोदियिन बस्ती में ईरान ने सैन्य कर्मियों के एक ठिकाने को भी नष्ट कर दिया।

कहां-कहां ईरान ने बोला हमला

ईरानी सेना ने यह भी दावा किया कि उसने अल-धफरा और अल-उदेरी में भी अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर हमला किया, साथ ही अली अल-सलेम एयर बेस पर परिवहन विमानों और ड्रोन के रखरखाव व भंडारण हैंगर को भी निशाना बनाया।

इस बीच, इजराइल रक्षा बलों (आईडीएफ) ने भी शुक्रवार को कहा कि उसने ईरान के यज्द में मिसाइलों और समुद्री सुरंगों के उत्पादन के लिए ईरानी शासन की प्राथमिक सुविधा पर हमला किया है।

Updated on:
27 Mar 2026 04:32 pm
Published on:
27 Mar 2026 04:32 pm