
ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियन इन दिनों अपने सुप्रीम लीडर मोजतबा खामेनेई से नहीं मिल पा रहे हैं। उन्होंने कहा कि मोजतबा से संपर्क करना भी इस वक्त बहुत मुश्किल है।
हालांकि, उन्होंने यह भी कहा कि नए लीडर की मौजूदगी देश के लिए बड़ी ताकत है। ईरान अब भी अपनी राह पर आगे बढ़ रहा है। बता दें कि अमेरिका और इजराइल ने फरवरी में ईरान के पुराने सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई को मार दिया था। पेजेशकियान ने इसे हताशा भरा कदम बताया।
पेजेशकियन ने कहा कि दुश्मनों को उम्मीद थी कि इस हमले के बाद ईरान टूट जाएगा। लेकिन ऐसा नहीं हुआ। देश ने नया लीडर चुन लिया और मोजतबा खामेनेई को असेंबली ऑफ एक्सपर्ट्स ने मार्च की शुरुआत में यह पद सौंपा।
राष्ट्रपति ने अपने दफ्तर की वेबसाइट पर छपे इंटरव्यू में कहा कि नए लीडर की मौजूदगी हमें आगे बढ़ने का हौसला देती है। हालांकि इस वक्त उनसे बातचीत करना काफी कठिन है।
ईरान इस समय अपनी सबसे मुश्किल स्थिति से गुजर रहा है। बैंकों पर सख्त पाबंदियां, विदेशी लेन-देन पर रोक, समुद्री नाकाबंदी और जारी जंग ने हालात और बिगाड़ दिए हैं।
उधर, ईरान ने फरवरी के अंत में हॉर्मुज स्ट्रेट पर भी अपना नियंत्रण और सख्त कर दिया था। इजराइल और अमेरिका से जुड़े जहाजों को सुरक्षित रास्ता नहीं दिया जा रहा। अमेरिका ने पिछले महीने ईरानी ठिकानों पर कई हमले किए।
अमेरिका ने साफ कहा कि ये हमले हॉर्मुज में ईरान के हमलों का जवाब हैं। ईरान ने जवाब में मिसाइल और ड्रोन से अमेरिकी ठिकानों को निशाना बनाया। अब ओमान के साथ नई व्यवस्था पर बात लगभग पूरी हो चुकी है।
कुछ समय के लिए उत्तरी और दक्षिणी रास्ते की जगह एक नया रास्ता ईरान के इलाके से होकर निकलेगा। यह दो से चार महीने तक चलेगा। लेकिन एक सूत्र के मुताबिक स्ट्रेट फिर से खुलने के लिए अमेरिका को अपने वादे पूरे करने होंगे। यह बयान ऐसे समय आया है जब क्षेत्र में तनाव चरम पर है। प्रतिबंधों और जंग के बीच भी ईरान अपनी नीति पर अड़ा हुआ है।