
Iran Warning to US: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की ओर से सैन्य कार्रवाई की बढ़ती धमकियों के बीच, ईरान ने अमेरिका को तेल के एक अहम केंद्र खार्ग द्वीप पर कब्जा करने की किसी भी कार्रवाई के नतीजों के बारे में चेतावनी दी है। विदेश मंत्रालय ने जमीनी हमले की स्थिति में अमेरिकी सैनिकों का स्वागत करने के लिए हर पल इंतजार करने की बात कही है।
ईरानी विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता इस्माइल बघाई ने सोमवार को एक प्रेस बीफ्रिंग में कहा कि यदि अमेरिकी सैनिक जमीनी हमला कतरे हैं तो ईरान के लोग उनका स्वागत करने के लिए पूरी तरह से तैयार हैं। उन्होने कहा कि, ईरान की सेना अमेरिकी सेना की हर आक्रामक कार्रवाई का कड़ा जवाब देने के लिए तैयार है। उन्होने कहा कि, अमेरिका को इस दुस्साहस के नतीजे भुगतने होंगे। ईरानी लोग उनका बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं।
बुशहर प्रांत के तट से 55 किलोमीटर दूर स्थित खार्ग द्वीप ईरान के ऊर्जा क्षेत्र का मुख्य आधार है। यह द्वीप देश के कच्चे तेल के निर्यात का लगभग 90 प्रतिशत हिस्सा संभालता है। इसके लिए गहरे पानी वाले समुद्री रास्तों का इस्तेमाल किया जाता है, जो बहुत बड़े क्रूड कैरियर तेल ढोने वाले जहाज के लिए बनाए गए हैं।
अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप की ओर से अमेरिकी सैन्य गतिविधियों को तेजी से बढ़ाने के संकेत देने के बाद दोनों देशों के बीच राजनयिक तनाव और ज्यादा बढ़ गया है। अमेरिका की इन रणनीतियों में द्वीप पर कब्जा करने की योजना भी शामिल है। खार्ग द्वीप पर कब्जा करने से अमेरिका को ईरान की मुख्य आर्थिक जीवनरेखा पर पूरा नियंत्रण मिलने पर तेहरान का वित्तीय आधार खत्म होने का संकट खड़ा हो जाएगा।
वाशिंगटन तेहरान के खिलाफ एक बड़े हमले की योजना पर विचार कर रहा है। बताई गई सैन्य योजनाओं में भारी हवाई हमलों से लेकर ईरान के अहम बुनियादी ढांचे को निशाना बनाने वाले संभावित जमीनी ऑपरेशन तक शामिल हैं। इन ऑपरेशनल योजनाओं में खार्ग द्वीप पर रणनीतिक कब्जा करने के साथ-साथ ईरान के परमाणु विकास कार्यक्रम से जुड़े पिकएक्स माउंटेन कॉम्प्लेक्स पर सटीक हमले करना भी शामिल है।