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अमेरिका-ईरान तनाव के बीच इजरायल का बड़ा एक्शन, एक साथ लेबनान और गाजा पर दाग दी मिसाइल

Israel-Lebanon Conflict: अमेरिका-ईरान तनाव के बीच इजरायल ने लेबनान और गाजा में हमले तेज कर दिए। सीजफायर के बातचीत के बीच लगातार एयर स्ट्राइक से मिडिल ईस्ट में तनाव अब और भी ज्यादा बढ़ गया है।
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Jul 24, 2026
Israel Israel Lebanon attack
इजरायल ने लेबनान और गाजा पर कर दिया अटैक। फोटो में इजरायल के पीएम बेंजामिन नेतन्याहू (सोर्स: अल जजीरा)

Israel-Gaza-Lebanon Conflict: मिडिल ईस्ट में हालात बिगड़ते जा रहे हैं। अमेरिका-ईरान के बीच बढ़ते तनाव के बीच इजरायल ने एक साथ लेबनान और गाजा में हमले तेज कर दिए हैं। वो भी ऐसे समय में जब सीजफायर को लेकर बातचीत जारी है। लगातार हो रहे हवाई हमलों ने पूरे क्षेत्र में टेंशन बढ़ा दी है। लेबनान की नेशनल न्यूज एजेंसी ने बताया कि इजरायली सेना ने दक्षिणी लेबनान के अल-मंसूरी शहर और पास के मजदल जून गांव को निशाना बनाया। जिसके बाद पूरा इलाका धमाकों से गूंज उठा।

यही नहीं इजरायल ने गाजा सिटी पर भी बम बरसाए। ‘अल-जजीरा’ के रिपोर्ट के मुताबिक, गाजा शहर के अल-जला यानी कि रिहायसी इलाके में इजरायल ने इतने बम बरसाए कि अफरा-तफरी मच गई।

हूती का दावा और ट्रंप की सख्त चेतावनी

दूसरी तरफ लेबनान समर्थक हूती संगठन ने भी लाल सागर में ‘ENCELIA’ और ‘LAYLA’ नाम के दो सऊदी तेल टैंकरों पर हमले की जिम्मेदारी ली। संगठन का दावा है कि उसने बैलिस्टिक मिसाइल, क्रूज मिसाइल और ड्रोन का इस्तेमाल किया, जिससे दोनों जहाजों में आग लग गई। इस बीच अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को कड़ी चेतावनी दी। उन्होंने कहा कि अगर समुद्री जहाजों पर हमले जारी रहे तो ईरान और हूती दोनों को भारी सैन्य कार्रवाई का सामना करना पड़ेगा। ट्रंप ने कहा कि अमेरिका अंतरराष्ट्रीय व्यापार और समुद्री मार्गों की सुरक्षा के लिए हर जरूरी कदम उठाएगा।

लाल सागर में सऊदी टैंकरों पर हमला

इस बीच खबर ये भी आई है कि फ्रांस और कतर ने लाल सागर में सऊदी तेल टैंकरों पर हुए हूती हमलों की कड़ी निंदा की है। दोनों देशों ने कहा कि ऐसे हमले समुद्री सुरक्षा, क्षेत्रीय शांति और वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति के लिए बड़ा खतरा हैं। फ्रांस ने ईरान समर्थित हूती विद्रोहियों से तुरंत हमले रोकने की अपील की। कतर ने भी इसे अंतरराष्ट्रीय कानून का उल्लंघन बताया और कहा कि समुद्री रास्तों पर सुरक्षित आवाजाही हर देश का अधिकार है। कतर ने सऊदी अरब के साथ अपनी एकजुटता दोहराई और संयुक्त राष्ट्र के संबंधित प्रस्तावों को लागू करने की मांग की।

ईरान पर अमेरिकी हमले जारी

बता दें अमेरिकी सेना ने लगातार ईरान के सैन्य ठिकानों पर हमले कर रहा है। अमेरिकी सेंट्रल कमांड के अनुसार, इन कार्रवाइयों का उद्देश्य ईरान समर्थित खतरों को कम करना और समुद्री व्यापार की सुरक्षा सुनिश्चित करना है।

वहीं ईरान की रिवोल्यूशनरी गार्ड यानी की सेना ने दावा किया है कि उसने होर्मुज स्ट्रेट से गुजरने की कोशिश कर रहे तीन तेल टैंकरों को रोका। एक टैंकर को उसने उड़ा भी दिया। उसने चेतावनी दी कि उसकी अनुमति के बिना गुजरने वाले जहाजों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी। ऐसे में देखा जाए तो पूरे मिडिल-ईस्ट में स्थिति नाजुक बनी हुई है।