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इस मां की करतूत सुन आपको भी हो जाएगी नफरत, बच्चों को मारा, सूटकेस में बंद कर भाग गई, चार वर्ष बाद ऐसे खुला राज

Crime News: दुनिया में हर जगह मां की तारीफ में गीत गाए जाते हैं लेकिन कई बार ऐसी घटनाएं सामने आती हैं, जिसके चलते मां की छवि दरकने लगती है। ऐसी ही एक मां के अपराध की कहानी आपके लिए यहां पेश की जा रही है।
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Nov 26, 2025
Monster Mom
मां ने अपने ही दो बच्चों की हत्या कर दी। (फोटो: AI)

Crime News in Hindi: एक मां अपने बच्चों की बलाएं अपने सिर लेने से भी पीछे नहीं हटती। वह सुनिश्चित करती है कि उसके बच्चे हर कष्ट, विपदा और परेशानी से दूर रहें। इसलिए मां को भगवान का दर्जा दिया गया है। लेकिन मां के अपराध की एक कहानी सामने आई जिसको पढ़कर कोई भी सकते में आ जाए।

न्यूजीलैंड में एक मां का ऐसा रूप सामने आया है, जिसने सभी को हिलाकर रख दिया है। इस मां को अपने ही बच्चों को बेरहमी से मौत के घाट उतारने के मामले में दोषी ठहराया गया है।

एक बच्चे की उम्र छह और दूसरे की 8 साल थी

हक्युंग ली (Hakyung Lee) नामक महिला को अदालत ने 17 साल जेल की सजा सुनाई है। हक्युंग ली ने अपने दो मासूम बच्चों की हत्या कर उनके शव सूटकेस में बंद करके फेंक दिए थे। एक बच्चे की उम्र छह और दूसरे की आठ साल थी। यह वीभत्स घटना 2018 की है। 2022 में हक्युंग ली की काली करतूतें दुनिया के सामने आईं, लेकिन अपनी मानसिक स्थिति के चलते वह जेल जाने से बच गई। अब अदालत ने स्पष्ट किया है कि इलाज पूरा होने के बाद हत्यारी मां को जेल जाना होगा।

ऐसे हुआ मामले का खुलासा

मिरर यूके की रिपोर्ट के अनुसार, हक्युंग ली अपने दो बच्चों के साथ ऑकलैंड में रहती थी। उसके पति का काफी पहले ही निधन हो गया था। अपने बच्चों की हत्या करने के बाद हक्युंग ली ने उनके शव को सूटकेस में भरकर शहर की एक स्टोरेज यूनिट में रख दिया। इस मामले का खुलासा तब हुआ जब महिला की आर्थिक स्थिति बिगड़ने लगी और उसने स्टोरेज यूनिट का किराया चुकाना बंद कर दिया। किराये का भुगतान न होने पर जब महिला के सामान की नीलामी की गई तब सूटकेस के अंदर का बंद राज खुलकर सबों के सामने आ गया।

अदालत ने खारिज की दलीलें

ऑकलैंड की अदालत के जस्टिस जेफ्री वेनिंग ने 25 नवंबर को सजा सुनाते हुए कहा कि हक्युंग ली को ठीक होने के बाद जेल जाना होगा। इसी साल सितंबर में महिला को अपने बच्चों की हत्या का दोषी करार दिया गया था। अदालत ने बचाव पक्ष की उन सभी दलीलों को खारिज कर दिया, उसमें महिला की मानसिक स्थिति का हवाला दिया गया था। अदालत ने कहा कि डिप्रेशन के बावजूद हक्युंग ली ने जिस तरह से हत्याकांड को अंजाम दिया और फिर शवों को ठिकाने लगाया, उससे साफ हो जाता है कि यह एक सोची-समझी हत्या थी।

दक्षिण कोरिया भागी, बदल लिया नाम

हक्युंग ली अपने पति की मौत के बाद से डिप्रेशन में थी और उसने बच्चों को एंटीडिप्रेसेंट दवा देकर मौत के घाट उतार दिया था। यह दवा अवसाद के इलाज के लिए दी जाती है। पुलिस ने अदालत को बताया कि बच्चों की हत्या के बाद ली दक्षिण कोरिया भाग गई और अपना नाम बदल लिया। हक्युंग ली न्यूज़ीलैंड की नागरिक है, लेकिन उसका जन्म दक्षिण कोरिया में हुआ था। इस घटना के सामने आने के बाद हक्युंग ली को लेकर लोगों में भारी गुस्सा है। लोग समझ नहीं पा रहे हैं कि आखिर एक मां अपने बच्चों के साथ ऐसा कैसे कर सकती है।

Updated on:
26 Nov 2025 03:54 pm
Published on:
26 Nov 2025 03:47 pm