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अमेरिका-ईरान शांति वार्ता की कोशिशें हुई तेज, पाकिस्तान आर्मी चीफ आसिम मुनीर पहुंचे तेहरान

Asim Munir Tehran visit: अमेरिका और ईरान के बीच तनाव कम करने के लिए पाकिस्तान की मध्यस्थता तेज हो गई है। पाकिस्तान के आर्मी चीफ आसिम मुनीर तेहरान पहुंचे हैं, जहां शांति वार्ता को आगे बढ़ाने और युद्धविराम को स्थायी समाधान में बदलने की कोशिशें जारी हैं।

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Apr 15, 2026
पाकिस्तान सेना प्रमुख आसिम मुनीर और ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची (Photo - X/@Iran_GOV)

Iran US peace talks: अमेरिका और ईरान के बीच स्थायी शांति स्थापित करने की कोशिशों के तहत पाकिस्तान के आर्मी चीफ आसिम मुनीर पाकिस्तानी प्रतिनिधिमंडल के साथ तेहरान पहुंच गए हैं। उनके साथ आंतरिक मंत्री मोहसिन नकवी भी मौजूद हैं। सेना की वर्दी में निजी विमान से पहुंचे आसिम मुनीर का ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने एयरपोर्ट पर स्वागत किया। यह दौरा अमेरिका और ईरान के बीच मध्यस्थता की कोशिशों के तहत हो रहा है।

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युद्धविराम को स्थायी शांति में बदलने की कोशिश

पाकिस्तान का उच्च-स्तरीय प्रतिनिधिमंडल तेहरान का दौरा कर रहा है। इसका उद्देश्य दो सप्ताह के युद्धविराम को स्थायी शांति में बदलने के प्रयासों को तेज करना है। पाकिस्तानी मीडिया के अनुसार, दोनों पक्षों के बीच वार्ता का दूसरा दौर अगले सप्ताह के अंत तक इस्लामाबाद में होने की संभावना है। इसके लिए अधिकारियों और सुरक्षा एजेंसियों को आवश्यक प्रशासनिक और सुरक्षा व्यवस्था करने के निर्देश दिए गए हैं।

वार्ता में शामिल होंगे अमेरिका और ईरान के शीर्ष नेता

पाकिस्तानी मीडिया के मुताबिक, अमेरिकी प्रतिनिधिमंडल में उपराष्ट्रपति जेडी वेंस, विशेष दूत स्टीव विटकॉफ और राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प के दामाद जेरेड कुशनर शामिल हो सकते हैं। वहीं, ईरानी प्रतिनिधिमंडल में संसद अध्यक्ष मोहम्मद बाघेर ग़ालिबाफ़ और विदेश मंत्री अब्बास अराघची शामिल होंगे।

पहले दौर की वार्ता रही थी बेनतीजा

यह घटनाक्रम उस समय सामने आया है, जब हाल ही में इसी प्रतिनिधिमंडल द्वारा इस्लामाबाद में वार्ता आयोजित की गई थी। लगभग 21 घंटे तक चली इस बातचीत में कोई ठोस समझौता नहीं हो सका। तेहरान और वाशिंगटन के बीच ईरान के परमाणु और बैलिस्टिक मिसाइल कार्यक्रम, होर्मुज स्ट्रेट और अमेरिकी प्रतिबंधों को हटाने जैसे प्रमुख मुद्दों पर मतभेद बने हुए हैं।

अमेरिका-इजरायल हमले से शुरु हुआ था संघर्ष

ईरान, अमेरिका और इजरायल के बीच संघर्ष 28 फरवरी को शुरू हुआ था। अमेरिका और इजरायल ने ईरान के खिलाफ संयुक्त सैन्य हमले किए थे। इसके बाद ईरान ने होर्मुज स्ट्रेट को प्रभावी रूप से अवरुद्ध कर दिया और मध्य पूर्व में अमेरिकी और इजरायली ठिकानों पर हमले शुरू कर दिए।

हालांकि 7 अप्रैल को अमेरिका और ईरान युद्धविराम पर सहमत हुए थे। यह पहल पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ की मध्यस्थता से संभव हो सकी, जिन्होंने दोनों देशों के बीच दो सप्ताह के युद्धविराम की घोषणा की और वार्ता के लिए प्रतिनिधिमंडलों को इस्लामाबाद आमंत्रित किया।

पाकिस्तान ने जारी रखे हैं कूटनीतिक प्रयास

हालांकि, वार्ता बिना किसी समझौते के समाप्त हो गई, लेकिन प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने कहा है कि इस्लामाबाद अमेरिका और ईरान के बीच लंबित मुद्दों को हल करने के लिए हर संभव प्रयास जारी रखेगा।

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