Asim Munir meet Khalid bin Salman: सऊदी रक्षा मंत्री प्रिंस खालिद बिन सलमान और पाकिस्तान के आर्मी चीफ आसिम मुनीर की रियाद में अहम मुलाकात के बाद ईरान के साथ बढ़ते तनाव पर नई चर्चा छिड़ गई है। ‘X’ पोस्ट में संयुक्त रक्षा समझौते और क्षेत्रीय सुरक्षा पर अहम संकेत मिले हैं।
Saudia Arabia Pakistan meeting due to Middle East conflict: अमेरिका और इजरायल की ओर से ईरान में की गई सैन्य कार्रवाई के बाद मिडिल ईस्ट में तनाव चरम पर है। ऐसे में पाकिस्तान के आर्मी चीफ आसिम मुनीर ने सऊदी अरब के रक्षा मंत्री प्रिंस खालिद बिन सलमान बिन अब्दुल अजीज से रियाद में मुलाकात की। इस उच्च स्तरीय बैठक में दोनों देशों के बीच संबंधों को मजबूत करने और क्षेत्रीय सुरक्षा चुनौतियों पर चर्चा हुई। पाकिस्तान के आर्मी चीफ से मुलाकात के बाद सऊदी अरब के रक्षा मंत्री ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘X’ पर एक पोस्ट के जरिए इसकी जानकारी भी दी।
इस पोस्ट में प्रिंस खालिद बिन सलमान बिन अब्दुल अजीज ने कहा, “हमने पाकिस्तान के सेना प्रमुख और चीफ ऑफ डिफेंस फोर्सेज, फील्ड मार्शल आसिम मुनीर से मुलाकात की। इस दौरान हमने किंगडम पर ईरान के हमलों और उन्हें रोकने के लिए हमारे संयुक्त सामरिक रक्षा समझौते के तहत उठाए जाने वाले आवश्यक कदमों पर चर्चा की। हमने जोर देकर कहा कि ऐसे कदम क्षेत्रीय सुरक्षा और स्थिरता को कमजोर करते हैं। साथ ही उम्मीद जताई कि ईरानी पक्ष समझदारी से काम लेगा और किसी भी तरह की गलत आकलन (मिसकैलकुलेशन) से बचेगा।”
सऊदी रक्षा मंत्री की आसिम मुनीर से यह मुलाकात ऐसे समय में हुई है, जब ईरान क्षेत्र के कई हिस्सों में अमेरिकी ठिकानों को मिसाइल और ड्रोन से निशाना बना रहा है। हालांकि ईरान ने अब तक पाकिस्तान स्थित किसी अमेरिकी ठिकाने पर हमला नहीं किया है।
रिपोर्ट्स के मुताबिक, सऊदी अरब के शाही परिवार को आशंका है कि ईरानी मिसाइलें उन्हें भी निशाना बना सकती हैं। इसी को देखते हुए क्राउन प्रिंस मोहम्मद बिन सलमान और उनके पिता किंग सलमान समेत वरिष्ठ अधिकारियों की सुरक्षा कड़ी कर दी गई है।
बता दें कि सऊदी अरब पहले ही स्पष्ट कर चुका है कि अगर वह अमेरिका-इजरायल और ईरान के बीच जारी संघर्ष में तटस्थ रहता है, तो उसे निशाना नहीं बनाया जाना चाहिए। वहीं ईरान ने चेतावनी दी है कि यदि सऊदी अरब की धरती से अमेरिका या इजरायल ने उस पर हमला किया, तो वह सऊदी अरब को निशाना बनाने से नहीं चूकेगा।
सऊदी अरब और पाकिस्तान के बीच पिछले साल सितंबर में एक रक्षा समझौता हुआ था, जिसके तहत किसी एक देश पर हमला दोनों देशों पर हमला माना जाएगा। इस बैठक में पाकिस्तानी पक्ष की ओर से मेजर जनरल मुहम्मद जावेद तारिक भी मौजूद थे।