
रूस-यूक्रेन युद्ध फिलहाल खत्म होता नहीं दिख रहा है। रूसी ड्रोन ने शुक्रवार को यूक्रेन में एक बंदरगाह को निशाना बनाया है। सुबह-सुबह का यह हमला इतना घातक साबित हुआ कि दो यूक्रेनी नागरिकों की जान चली गई।
वहीं, तीन विदेशी जहाज क्षतिग्रस्त हो गए। क्षेत्रीय अधिकारियों ने इस बात की पुष्टि की। यह हमला तब हुआ जब बंदरगाह पर सामान्य कामकाज चल रहा था।
प्रादेशिक अभियोजक कार्यालय के अनुसार, रूसी ड्रोन ने माइकोलाइव के बंदरगाह पर तीन विदेशी झंडे वाले सिविल जहाजों को नुकसान पहुंचाया। जिसमें एक जहाज पर सवार दो यूक्रेनी नागरिकों की मौत हो गई। दोनों की मौत हमले के शुरुआती चरण में हुई।
यह घटना यूक्रेन के दक्षिणी हिस्से में हुई जहां बंदरगाह क्षेत्र पहले से ही युद्ध की मार झेल रहा है। शुरूआती जानकारी के मुताबिक, सुबह के समय अचानक सायरन बजे और फिर विस्फोट की आवाज आई। लोग दहशत में इधर-उधर भागने लगे।
रूस-यूक्रेन युद्ध को चार साल पूरे हो चुके हैं। इस दौरान, यूक्रेन में बंदरगाह वाले शहर बार-बार हमलों का शिकार हो रहे हैं। माइकोलाइव रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण जगह है।
यहां से अनाज और अन्य सामान का निर्यात होता है। ऐसे में इस हमले का असर सिर्फ दो मौतों तक सीमित नहीं है। विदेशी जहाजों के क्षतिग्रस्त होने से अंतरराष्ट्रीय व्यापार पर भी असर पड़ेगा। कई देशों के जहाज यहां आते हैं। अब जहाज कंपनियां चिंतित हैं। सुरक्षा बढ़ाने की मांग जोर पकड़ रही है।
बंदरगाह क्षेत्र में काम करने वाले मजदूर, नाविक और स्थानीय परिवार इस हमले से सबसे ज्यादा प्रभावित हुए हैं। दो युवाओं की मौत ने पूरे इलाके में शोक की लहर दौड़ा दी।
अभियोजकों ने कहा कि वे पूरे मामले की जांच कर रहे हैं। सबूत इकट्ठा किए जा रहे हैं। रूस पर जानबूझकर नागरिक ठिकानों को निशाना बनाने का आरोप लगाया जा रहा है। हालांकि, रूसी पक्ष की ओर से अभी कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं आई है।
इस बीच, यूक्रेन सरकार ने कहा है कि ऐसे हमलों से उनकी अर्थव्यवस्था को भारी झटका लग रहा है। अनाज निर्यात प्रभावित होने से कुछ देशों में भोजन संकट और बढ़ सकता है।