सीरिया के राष्ट्रपति अहमद अल-शरा की आज अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से व्हाइट हाउस में मुलाकात होगी। गौरतलब है कि एक समय अल-शरा एक खूंखार आतंकी था और अमेरिका की मोस्ट वॉन्टेड लिस्ट में शामिल था।
सीरिया (Syria) के राष्ट्रपति अहमद अल-शरा (Ahmed al-Sharaa) इस समय अमेरिका के दौरे पर है। 1946 में सीरिया की आज़ादी के बाद अमेरिका (United States Of America) जाने वाले अल-शरा पहले सीरियाई राष्ट्राध्यक्ष है। गौरतलब है कि मई में जब अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप (Donald Trump) मिडिल ईस्ट के दौरे पर गए थे, तब सऊदी अरब (Saudi Arabia) में ट्रंप ने सीरियाई राष्ट्रपति अल-शरा से पहली बार मुलाकात की थी। इस दौरान ट्रंप ने सीरिया पर लगे प्रतिबंधों को हटाने का ऐलान किया था। दोनों के बीच आज, सोमवार, 10 नवंबर को व्हाइट हाउस में मुलाकात होगी।
एक समय था जब अल-शरा खूंखार आतंकी था। उसे अबू मोहम्मद अल-गोलानी नाम से जाना जाता था। 2003 में अमेरिका के इराक पर किए हमले से कुछ समय पहले ही आतंकी संगठन अल-कायदा जॉइन किया था। 2006 से 2011 तक अल-शरा अमेरिका की जेल में बंद था। उसके बाद आतंकवाद की दुनिया में बढ़ती उसकी गतिविधियों के चलते अमेरिका ने उस पर 10 मिलियन डॉलर्स का इनाम भी रखा था। अमेरिका से छूटने के बाद अल-शरा ने सीरियाई गृहयुद्ध में असद शासन की खिलाफत के लिए अल-कायदा के समर्थन से 2012 में अल-नुसरा फ्रंट बनाया। 2016 में अल-शरा ने अल-कायदा के साथ अल-नुसरा के संबंध तोड़ दिए। अल-कायदा से नाता तोड़ने के बाद उसने खुद के बारे में अधिक उदार दृष्टिकोण पेश करके पश्चिमी देशों के खिलाफ अंतर्राष्ट्रीय जिहाद छोड़ते हुए सीरिया के अल्पसंख्यकों की रक्षा करने के इरादे से सीरिया में शासन पर ध्यान केंद्रित किया। इसके लिए उसने 2017 में अल-नुसरा को अन्य संगठनों के साथ मिलाकर हयात तहरीर अल-शाम (HTS) का गठन किया।
8 दिसंबर 2024 को एचटीएस ने सीरिया में तख्तापलट कर दिया था, जिसमें अल-शरा ने अहम भूमिका निभाई थी। 29 जनवरी 2025 को अल-शरा को सीरिया का राष्ट्रपति बनाया गया।
अल-शरा का अमेरिका दौरा और ट्रंप से मुलाकात, अमेरिका के बदले रुख को दर्शाता है। एक समय जो शख्स अमेरिका के मोस्ट वॉन्टेड आतंकियों की लिस्ट में शामिल था, अब उसे इस लिस्ट से हटा दिया गया है और सम्मान के साथ व्हाइट हाउस में ट्रंप से मिलने के लिए बुलाया गया है। अचानक से अमेरिका का रुख बदलना हैरानी की बात है।