
Jyotiraditya Scindia Ashoknagar Visit: जनसुनवाई में भाजपा नेता ने चंदेरी विधायक पर लगाए गंभीर आरोप (फोटो सोर्स- Jyotiraditya Scindia X Handle)
Jyotiraditya Scindia-अशोकनगर में केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया की जनसुनवाई में गुरुवार को भाजपा नेता ने ही हंगामा कर दिया। भाजपा नेता ने अपनी पार्टी के चंदेरी विधायक के भतीजे पर जमीन हड़पने का गंभीर आरोप लगा दिया। साथ ही चेतावनी दे डाली कि अगर न्याय नहीं मिला, तो वह परिवार सहित अपनी जान दे देगा। इस हंगामे ने पार्टी की अंतर्कलह को सड़क पर ला दिया, जिसके बाद केंद्रीय मंत्री को खुद मामले में हस्तक्षेप कर कार्रवाई का भरोसा देना पड़ा।
शहर में सिंधिया जनसंपर्क कार्यालय में इस जनसुनवाई में भाजपा अनुसूचित जाति मोर्चा के पूर्व पदाधिकारी शिवचरण जाटव परिवार सहित पहुंचे थे। लंबी कतार के चलते जब उनका नंबर नहीं आया और केंद्रीय मंत्री जाने के लिए अपने वाहन में बैठने लगे, तो शिवचरण की पुलिस से झड़प व धक्का-मुक्की हो गई। शिवचरण ने चिल्लाकर केंद्रीय मंत्री से कहा, मेरी बात सुनें, मैं बहुत परेशान हूं। चंदेरी विधायक जगन्नाथसिंह के भतीजे शिव रघुवंशी मुझे कई सालों से परेशान कर रहे हैं। मेरी पांच बीघा पट्टे की जमीन पर कब्जा कर जनपद पंचायत कार्यालय बनवाया जा रहा है। मेरी जमीन की तारफेंसिंग तोड़ दी गई और तहसीलदार भी मुझे परेशान कर रहे हैं। मैं आपके भरोसे पर हूं, अगर न्याय नहीं मिला तो परिवार सहित जान दे दूंगा। इससे सिंधिया ने उन्हें शांत कराया और कहा कि मैं दिखवाता हूं कि पूरा क्या मामला है।
अपनों से ही घिरी पार्टी में मचे बवाल के तुरंत बाद विधायक के भतीजे शिव रघुवंशी ने एक वीडियो जारी कर अपनी सफाई दी। शिव रघुवंशी ने कहा कि शिवचरण जाटव का पट्टा अवैध था. जिसे साल 2021 में ही कोर्ट निरस्त कर चुका है। उन्होंने कहा कि इसमें मेरा या किसी जनप्रतिनिधि का कोई काम नहीं है और न ही मैं ठेकेदारी करता हूं। कोर्ट ने पट्टा निरस्त किया लेकिन वे हम पर सरकारी भूमि नपवाने का अनुचित दबाव बना रहे हैं, जबकि यह शासन-प्रशासन की प्रक्रिया है।
लॉ कॉलेज में आजीविका मिशन के स्वसहायता समूह की महिलाओं के साथ संवाद कार्यक्रम में अलग तस्वीर दिखी। मंच पर जनप्रतिनिधियों व नेताओं को कुर्सियां सजाई गई थीं, लेकिन सिंधिया ने उन महिलाओं को मंच पर बिठाया जो आत्मनिर्भर और सशक्त बनी हैं। इस दौरान कलेक्टर-एसपी, विधायक, जिलाध्यक्ष और अन्य सभी वीआईपी मंच से नीचे आम जनता के साथ कुर्सियों पर बैठे नजर आए।
केंद्रीय मंत्री सिंधिया ने मंच पर बैठी महिलाओं से उनके संघर्ष और सफलता की कहानी सुनी। इसी दौरान सरस्वती संकुल की विमलेश शर्मा के साथ उनका संवाद रोचक रहा। विमलेश ने बताया कि पहले मेरे पास सिर्फ एक भैंस थी, अब मेटाडोर व एक कार है। पहले मुझे कोई नहीं जानता था. आज मेरी खुद की पहचान है। सिंधिया ने पूछा मेटाडोर और कार कौन चलाता है। विमलेश ने कहा बेटा और ड्राइवर, तो सिंधिया ने पूछा कि आप खुद क्यों नहीं चलातीं। विमलेश ने कहा पति कहते हैं फूट जाओगी। इससे केंद्रीय मंत्री सिंधिया ने सिंधिया ने कलेक्टर को बुलाया और निर्देश दिए कि इनका ड्राइविंग लाइसेंस बनवाइए और वाहन चलाना सिखवाइए। साथ ही महिला से कहा कि अगली बार मैं तुम्हारी गाड़ी में बैठकर चलूंगा।
सुबह तारवाले बालाजी मंदिर में दर्शन-पूजन के बाद मीडिया से चर्चा में केंद्रीय मंत्री ने दतिया उपचुनाव का प्रभारी बनाए जाने की बात को नकार दिया। उन्होंने कहा मुझे कोई प्रभारी नहीं बनाया गया है। सिंधिया ने कहा कि ग्वालियर-चंबल संभाग में विकास की आंधी चल रही है। दतिया में मैंने स्वयं एयरपोर्ट दिया, 25 वर्षों में कई ट्रेनें व सड़कें दी गई हैं। दतिया उपचुनाव में हर नेता कार्यकर्ता के रूप में और कार्यकर्ता सेवक के रूप में काम करेगा। जनसुनवाई में फरियादियों की लंबी कतारें लगी रहीं। करीब एक घंटे तक चली इस सुनवाई में सिंधिया ने मौके पर ही अधिकारियों को निर्देश देकर कई शिकायतों का तुरंत निराकरण करवाया।
Updated on:
17 Jul 2026 02:55 pm
Published on:
17 Jul 2026 02:55 pm
