7 मार्च 2026,

शनिवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

करतारपुर गलियारे की सीमाएं तय की जाएंगी, बैठक में सुरक्षा को लेकर हुई चर्चा

बैठक में सर्वे टीम के लोगों ने अपने आंकड़े पेश किए सीमा पर बाड़ और सड़क की डिजाइन पर चर्चा हुई पाक ने गलियारे के लिए दस सदस्यीय एक समिति का गठन किया है

less than 1 minute read
Google source verification
kartarpur

करतारपुर गलियारे की सीमाएं तय की जाएंगी, बैठक में सुरक्षा को लेकर हुई चर्चा

लाहौर।करतारपुर कॉरिडोर के मसले पर भारत और पाकिस्तान के बीच मंगलवार को दूसरी बैठक हुई। इस बैठक में सभी तरह के तकनीकी पहलुओं पर चर्चा हुई। इसमें दोनों देशों की तरफ से इंजीनियरों की टीम मौजूद थी। सभी ने अपने सुझाव दिए। इसके अलावा सर्वे टीम के लोगों ने अपने आंकड़े पेश किए। इस बैठक में कॉरिडोर के निर्माण के तौर तरीकों के साथ सीमा पर बाड़ और सड़क की डिजाइन पर चर्चा हुई। टीम के सदस्यों ने योजना बनाई कि किस तरह से इस मार्ग को यात्रियों केे लिए सुरक्षित और सुगम बनाया जा सके।

ये भी पढ़ें: गिरजाघर नोट्रे डेम की मरम्मत के लिए जापान तैयार, पीएम शिंजो आबे ने कहा- हर संभव करेंगे मदद

भारत ने कड़ी आपत्ति जताई थी

पाकिस्तानी रेंजर्स के एक अधिकारी के अनुसार दोनों देशों के अधिकारियों के बीच करतारपुर जीरो प्वाइंट में बैठक हुई। उन्होंने बताया कि इस बैठक की पूरी जानकारी पाकिस्तानी विदेश मंत्रालय या सेना की मीडिया विंग आईएसपीआर की ओर से जारी की जाएगी। गुरुद्वारा दरबार साहिब पाकिस्तान के नारोवाल जिले में है,जबकि डेरा बाबा नानक साहिब पंजाब के गुरदासपुर जिले में स्थित है। पिछले वर्ष नवंबर में भारत और पाक दोनों गुरुद्वारों के बीच गलियारा बनाने पर राजी हुए थे। इसे करतारपुर कॉरिडोर नाम दिया गया है। गौरतलब है कि पाकिस्तान सरकार ने इस गलियारे के लिए दस सदस्यीय एक समिति का गठन किया है। इसमें कई खालिस्तानी समर्थकों को सदस्य बनाने पर भारत ने कड़ी आपत्ति जताई थी। भारत का कहना है कि खालिस्तान समर्थक देश में हिंसा फैला सकते हैं और वह यात्रियों के लिए खतरा बन सकते हैं।

विश्व से जुड़ी Hindi News के अपडेट लगातार हासिल करने के लिए हमें Facebook पर Like करें, Follow करें Twitter पर ..