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Easter Sunday 2023: कल मनाया जाएगा ईस्टर, जानें इसका महत्व और इस दिन क्यों गिफ्ट किए जाते हैं अंडे?

Why do Christian celebrate Easter, Why do give eggs as gift: माना जाता है कि गुड फ्राइडे पर जहां प्रभु यीशु को सूली पर चढ़ाया गया था और वे स्वर्ग चले गए थे। वहीं गुड फ्राइडे के तीसरे दिन ईस्टर का पर्व मनाया जाता है। यह दिन प्रभु यीशु के पुनर्जनम का दिन माना गया है। इसी घटना को ईस्टर संडे के नाम से जाना जाता है। ईसाई धर्म में ईस्टर संडे का विशेष महत्व माना जाता है। इस साल ईस्टर संडे 9 अप्रैल यानी कल मनाया जा रहा है। पत्रिका.कॉम के इस लेख में जानें ईस्टर के बारे में रोचक फैक्ट...

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Sanjana Kumar

Apr 08, 2023

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Why do Christian celebrate Easter, Why do give eggs as gift: शुक्रवार को जहां ईसाई परिवारों ने गुड फ्राइडे पर प्रभु यीशु का बलिदान दिवस मनाया। वहीं अब वे रविवार को वे खुशियों का पर्व ईस्टर मनाएंगे। गुड फ्राइडे पर जहां मातम का माहौल होता है, वहीं ईस्टर पर्व पर खुशियां दोगुनी हो जाती है। इसीलिए यह पर्व पूरे उत्साह और खुशियों के बीच मनाया जाता है। माना जाता है कि गुड फ्राइडे पर जहां प्रभु यीशु को सूली पर चढ़ाया गया था और वे स्वर्ग चले गए थे। वहीं गुड फ्राइडे के तीसरे दिन ईस्टर का पर्व मनाया जाता है। यह दिन प्रभु यीशु के पुनर्जनम का दिन माना गया है। इसी घटना को ईस्टर संडे के नाम से जाना जाता है। ईसाई धर्म में ईस्टर संडे का विशेष महत्व माना जाता है। इस साल ईस्टर संडे 9 अप्रैल यानी कल मनाया जा रहा है। पत्रिका.कॉम के इस लेख में जानें ईस्टर के बारे में रोचक फैक्ट...

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जानें क्यों खास है ईस्टर डे?
ईसाई मान्यताओं के अनुसार प्रभु यीशु भगवान के पुत्र थे और इसीलिए सूली पर चढ़ाए जाने के बाद वे 3 दिन बाद एक बार फिर जी उठे। जिस दिन उन्हें सूली पर लटकाया गया, उस दिन को गुड फ्राइडे और जिस दिन वे फिर से जी उठे उस दिन को ईस्टर कहा गया। कथाओं के मुताबिक ईस्टर पर दोबारा जीवित होने के बाद यीशु ने 40 दिन तक अपने शिष्यों को सत्य के रास्ते पर चलने का संदेश दिया था। इसके बाद वे स्वर्ग चले गए।

जानें क्या हुआ था गुड फ्राइडे के दिन
प्रभु यीशु को प्रेम और शांति का मसीहा माना जाता है। कहा जाता है कि दुनिया को प्रेम और करुणा का संदेश देने वाले प्रभु यीशु को धार्मिक कट्टरपंथियों ने सूली पर चढ़ा दिया था। जब प्रभु यीशु को सूली पर चढ़ाया गया तो उनके अनुयाई दुख और निराशा से भर गए थे। हालांकि इसके तीन दिन बाद संडे के दिन वे फिर से जी उठे। जिसका नतीजा यह हुआ कि हताश और निराश प्रभु यीशु के अनुयायी फिर से खुशियों में झूमते नजर आए।

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कैसे मनाया जाता है ईस्टर संडे?
ईस्टर संडे के दिन ईसाई धर्म के लोग चर्च जाते हैं और प्रभु यीशु को याद करते हैं। उनकी याद में गिरिजाघर या चर्च में मोमबत्तियां जलाई जाती हैं। लोग बाइबिल पढ़ते हैं और प्रभु यीशु के फिर से जी उठने की खुशी मे एक-दूसरे को बधाई देते हैं। ईस्टर संडे को खजूर इतवार के नाम से भी जाना जाता है।
माना जाता है कि इस दिन ईसा मसीह के जीवित होने के बाद जिन कट्टरपंथियों ने उन्हें यातनाएं दीं और सूली पर चढ़ाया, उन लोगों को अपने कृत्य पर बहुत पश्चाताप हुआ था। इसीलिए इस दिन को बदलाव के दिन के रूप में भी मनाया जाता है।

इस दिन क्यों गिफ्ट किए जाते हैं अंडे
ईस्टर पर अंडों का विशेष महत्व माना गया है। ईसाई धर्म के लोग इस दिन अलग-अलग तरह से अंडों को सजाते हैं और उन्हें एक-दूसरे को गिफ्ट में भी देते हैं। माना जाता है कि अंडे नया उत्साह और नई उमंग का प्रतीक हैं।

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