औरैया जिले के बसोली गांव में शिक्षक अश्विनी सिंह की पिटाई से 10वीं कक्षा के दलित छात्र निखित की मौत मामले में भीम आर्मी के कार्यकर्ताओं ने सरकार के खिलाफ मोर्चा खोला। उन्होंने आरोपी शिक्षक अश्विनी सिंह की गिरफ्तारी और मुआवजे की मांग की।
यूपी के औरैया जिले के अछल्दा थाना क्षेत्र में शिक्षक की पिटाई से दसवीं में पढ़ने वाले एक दलित छात्र की उपचार के दौरान मौत हो गयी थी। इस मामले में भीम आर्मी के कार्यकर्ताओं ने सरकार के खिलाफ मोर्चा खोला। उन्होंने छात्र के परिजनों के साथ आदर्श इंटर कॉलेज के बाहर शव रखकर प्रदर्शन किया। इस दौरान उन्होंने आरोपी शिक्षक अश्विनी सिंह की गिरफ्तारी और मुआवजे की मांग की। उनका कहना है कि जब तक आरोपी शिक्षक की गिरफ्तारी नहीं हो जाती, तब तक हम अपने बच्चे का अंतिम संस्कार नहीं करेंगे। मौके पर पहुंचे पुलिस अधिकारियों पर भी प्रदर्शनकारियों द्वारा पथराव किया गया और पुलिस की गाड़ी में आग लगा दी गई।
पुलिस बल और पीएसी के जवान तैनात
पुलिस के मुताबिक, उग्र प्रदर्शनकारियों ने एक पुलिस जीप को आग लगा दी। इतना ही नहीं उपद्रवियों ने जिलाधिकारी की गाड़ी में भी तोड़फोड़ की लेकिन भारी संख्या में पुलिसकर्मियों और पीएसी के पहुंचते ही वे इंटर कॉलेज की इमारत में छिप गए। पुलिस अधीक्षक, औरैया चारू निगम ने मौके पर पहुंचकर हालात को नियंत्रित किया। इस बीच, जिलाधिकारी चंद्र प्रकाश श्रीवास्तव ने पीड़ित के माता.पिता से मिलकर बात की और यथासंभव मांग पूरी करने का भरोसा दिया। पुलिस महानिरीक्षक प्रशांत कुमार ने भी मौके पर पहुंचकर हालात का जायजा लिया। इलाके में बढ़ते तनाव को देखते हुए भारी संख्या में पुलिस बल और पीएसी के जवान तैनात कर दिए गए हैं। साथ ही औरैया पुलिस ने कुछ प्रदर्शनकारियों को गिरफ्तार भी किया है।
सोमवार को इलाज के दौरान हुई थी मौत
गौरतलब है कि औरैया के बसोली गांव का निवासी राजू सिंह दौरे का 15 वर्षीय बेटा निखिल आदर्श इंटर कॉलेज में कक्षा 10वीं में पढ़ता था। बताया जाता है कि 7 सितंबर को सामाजिक विज्ञान के शिक्षक अश्वनी सिंह ने निखिल की टेस्ट में गलतियां होने पर लात.घूसों से पिटाई की थी। जिससे वह क्लास में ही बेहोश हो गया था। हालत गंभीर होने पर निखिल को सैफई मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया, जहां इलाज के दौरान सोमवार को उसकी मौत हो गई। इस मामले में आरोपी शिक्षक को निलंबित करने के आदेश विद्यालय प्रबंधक को जारी कर दिए गए हैं। साथ ही उस पर पहले से दर्ज मामले में गैर इरादतन हत्या की धारा बढ़ा दी गई है।