सांस्कृतिक कार्यक्रम भी आयोजित किये जायेंगे। उन्होंने बताया कि राम नगरी अयोध्या में कृष्ण भक्ति का भी जोर है। यहां कई प्राचीन कृष्ण मंदिर हैं जो श्रीराम एवं कृष्ण की अभिन्नता के गवाह हैं। इन सभी मंदिरों में जन्माष्टमी की धूम होगी।उन्होंने बताया कि अयोध्या में दो दिन उत्सव मनेगा। गृहस्थ परम्परा से जुड़े भक्त 26 अगस्त को और उदया तिथि की मान्यता वाले मंदिरों में 27 अगस्त को जन्माष्टमी का पर्व मनाया जायेगा। अयोध्या के गोकुल भवन, बृजमोहन कुंज, राधाबृजराज मंदिर, राजसदन में स्थित राधा माधव मंदिर, गुरुधाम इस्कॉन मंदिर में श्रीकृष्ण जन्माष्टमी की तैयारियां पूरी हो गयी हैं। इन मंदिरों में रविवार से अनुष्ठानों का श्रीगणेश हो जायेगा।