
राम मंदिर चढ़ावा विवाद में डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक का अखिलेश यादव पर तीखा हमला |
Ayodhya Ram Mandir: डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक ने कहा कि पूरा देश और सनातन संस्कृति का हर अनुयायी जानता है कि समाजवादी पार्टी और कांग्रेस ने राम मंदिर निर्माण का लगातार विरोध किया। उन्होंने आरोप लगाया कि इन दलों ने यह तक कहा था कि अयोध्या धाम में राम लला के जन्म का कोई प्रमाण नहीं है। उन्होंने सुप्रीम कोर्ट में एफिडेविट देकर कहा था कि यह पक्का नहीं है कि भगवान राम वहां पैदा हुए थे या नहीं। पाठक ने कहा कि आज वही लोग चिंता जताने का दिखावा कर रहे हैं और दोहरी राजनीति खेल रहे हैं।
डिप्टी सीएम ने हमला बोलते हुए आगे कहा कि यही वे लोग हैं जिन्होंने निहत्थे राम भक्तों पर गोली चलवाकर अयोध्या धाम को खून से रंग दिया था। इसी वजह से सपा को अयोध्या धाम पर चर्चा करने का भी अधिकार नहीं बनता। पाठक ने यह भी कहा कि यही वे लोग हैं जिन्होंने भगवान श्रीराम के मंदिर निर्माण को भू-माफियाओं का काम करार दिया था।
अपने बयान में डिप्टी सीएम ने कहा कि जिस तरह से इन दलों ने समय-समय पर भगवान श्रीराम को लेकर अपमानजनक टिप्पणियां की हैं, भगवान राम उन्हें कभी माफ नहीं करेंगे।
गौरतलब है कि इससे पहले अखिलेश यादव ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर भगवान श्रीराम से जुड़ा करीब 4 मिनट 39 सेकंड का एक AI वीडियो शेयर करते हुए तंज कसा था, "क्या फिर चले गए वनवास?" इस वीडियो के जरिए मंदिर में हुई चोरी और उससे जुड़े घटनाक्रम को प्रतीकात्मक अंदाज में पेश किया गया था।
अखिलेश यादव का यह वीडियो महज एक गाना नहीं, बल्कि एक पूरी सिनेमैटिक प्रस्तुति थी। वीडियो की शुरुआत सूनी और शांत अयोध्या नगरी के दृश्य से होती है, जिसके बाद मंदिर परिसर के भीतर भगवान श्रीराम की AI तकनीक से तैयार आकृति दिखाई देती है। आगे मंदिर का वह कोना दिखाया गया जहां चोरी की घटना हुई थी, साथ ही बड़ा दानपात्र और आसपास का सामान भी नजर आता है। वीडियो में अयोध्या के स्थानीय लोग और साधु-संत हाथ जोड़े खड़े दिखाई देते हैं, जबकि भगवान राम की आकृति नगरी की सीमा की ओर बढ़ती दिखाई जाती है। इसी वीडियो और भजन के जरिए अखिलेश यादव ने धर्म के नाम पर सरकार को घेरने की कोशिश की थी, जिसके जवाब में अब डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक ने सीधे सपा पर पलटवार किया है।
Updated on:
06 Jul 2026 11:08 am
Published on:
06 Jul 2026 10:37 am
