
फाइल फोटो पत्रिका
बहराइच के कतर्निया घाट इलाके में तेंदुए का आतंक थमने का नाम नहीं ले रहा है। देर रात घर के बाहर मां के साथ सो रही 7 वर्षीय बच्ची पर तेंदुए ने हमला कर दिया। तेंदुआ मासूम को मुंह में दबाकर घसीटते हुए ले जाने लगा। लेकिन मां के शोर मचाने पर ग्रामीण दौड़ पड़े। जिससे बच्ची की जान बच गई। गंभीर हालत में बच्ची का मेडिकल कॉलेज में इलाज चल रहा है।
बहराइच जिले के कतर्निया घाट वन क्षेत्र से सटे गांवों में जंगली जानवरों का डर लगातार बढ़ता जा रहा है। ताजा मामला ककरहा रेंज के ककरहा गांव का है। जहां देर रात एक तेंदुए ने घर के बाहर सो रही मासूम बच्ची पर हमला कर दिया। घटना के बाद पूरे गांव में दहशत का माहौल है। यहां के रहने वाले चुन्ना अंसारी की 7 वर्षीय बेटी सायमा अपनी मां सबरून निशा के साथ घर के बाहर मच्छरदानी लगाकर सो रही थी। रात गहराने के बाद अचानक जंगल की तरफ से आए तेंदुए ने बच्ची को दबोच लिया। तेंदुआ उसे मुंह में पकड़कर कुछ दूर तक घसीटते हुए ले जाने लगा। अचानक बेटी की चीख सुन मां की नींद खुल गई।
मां ने बिना डरे बच्ची को अपनी तरफ खींचना शुरू कर दिया। जोर-जोर से मदद के लिए चिल्लाने लगी। शोर सुनकर आसपास के ग्रामीण मौके पर पहुंचे। हांका लगाना शुरू कर दिया। लोगों की भीड़ और आवाज सुनकर तेंदुआ बच्ची को छोड़ जंगल की तरफ भाग गया।
हमले में बच्ची के सिर और पेट पर गंभीर चोटें आई हैं। पहले उसे स्थानीय अस्पताल ले जाया गया। लेकिन हालत बिगड़ने पर डॉक्टरों ने मेडिकल कॉलेज बहराइच रेफर कर दिया। वहां उसका इलाज जारी है। हालत गंभीर बताई जा रही है। मेडिकल कॉलेज में तैनात डॉक्टर आशीष वर्मा के अनुसार बच्ची के शरीर पर गहरे जख्म हैं। डॉक्टरों की टीम लगातार निगरानी कर रही है। वहीं घटना की सूचना मिलते ही वन विभाग की टीम गांव पहुंच गई।
डीएफओ अपूर्व दीक्षित ने बताया कि इलाके में कांबिंग शुरू कर दी गई है। तेंदुए को पकड़ने के प्रयास किए जा रहे हैं। घटना के बाद ग्रामीणों में भय का माहौल है। लोग रात में घरों से बाहर निकलने से बच रहे हैं और बच्चों को अकेला नहीं छोड़ रहे।
Updated on:
24 May 2026 01:29 pm
Published on:
24 May 2026 01:29 pm
