
गुरुर निवासी स्व. शंकर लाल पंत के परिवार की सहमति से मरणोपरांत नेत्र दान की प्रक्रिया पूर्ण की गई।
बालोद/गुरुर. ग्राम गगोरीपार में 96 वर्षीय शंकर लाल पंत का बुधवार को निधन हो गया। उन्होंने नेत्रदान की घोषणा की थी। निधन के बाद बालोद जिला नेत्र विभाग की टीम गांव पहुंचकर उनकी दोनों आंखों को सुरक्षित निकाला गया। अब उनकी आंख से जरूरत मंद नेत्रहीन की जिंदगी रोशन होगी। जिला नेत्र अधिकारी अनिल कुमार सिन्हा ने बताया कि विकासखंड गुरूर निवासी स्व. शंकर लाल पंत पिता स्व जगदेव साहू की इच्छा को सार्थक करते हुए उनके परिवार की सहमति से मरणोपरान्त नेत्र दान की प्रक्रिया पूर्ण की गई।
नेत्र बैंक रायपुर पहुंचाई आंखें
26 अक्टूबर को मृत्यु के बाद कबीर आश्रम करहीभदर के देवेन्द्र साहेब ने स्वास्थ्य विभाग गुरुर को सूचना दी। नेत्र विभाग की टीम अनिल कुमार सिन्हा सहायक नोडल अधिकारी, डिगेश देवदास नेत्र सहायक अधिकारी एवं चिकित्सा अधिकारी डॉ. करुण बाम्बेश्वर ग्राम गगोरीपार पहुंचे। समस्त कार्यवाही पूर्ण करते हुए नेत्र एकत्र करने की प्रक्रिया पूर्ण कर दोनों नेत्र को नेत्र बैंक चिकित्सा महाविद्यालय रायपुर पहुंचाया।
इनकी मौजूदगी में पूर्ण हुई प्रक्रिया
नेत्रदाता स्वर्गीय शंकर लाल पंत के छोटे भाई भारत लाल पंत, पुत्री प्रेमा बाई, प्रेमिन बाई, भुनेश्वरी बाई, चंपा बाई, नाति संतोष कुमार साहू जनप्रतिनिधि एवं गृहमंत्री ताम्रध्वज साहू के छोटे भाई पूरन लाल साहू एवं नागरिकों की उपस्थिति में प्रक्रिया पूरी की गई।
दो लोगों को मिलेगी रोशनी
उनके नेत्रदान करने से 2 दृष्टिहीन (कार्निया बाधित) को आंख की ज्योति मिल पाएगी। नेत्रदान संग्रहण प्रक्रिया में डॉ. जीआर रावटे, राजेन्द्र कुमार ड्रेसर, स्टाफ नर्स अंजु निर्मलकर का सहयोग रहा।
Published on:
27 Oct 2022 11:15 pm
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