
ग्रामीणों को पूर्व में मिला आबादी पट्टा व कार्रवाई की दी गई नोटिस
बालोद/गुंडरदेही. ब्लॉक की ग्राम पंचायत इरागुड़ा में पंचायत की मनमानी का मामला सामने आया है। 10 साल पहले पंचायत ने गांव के कई लोगों को आबादी भूमि का पट्टा दिया। आज पंचायत पदाधिकारियों ने 18 लोगों को भरी बरसात में बेदखल करने नोटिस थमा दिया है। उन्हें अंतिम चेतावनी दी गई है कि कब्जा हटा दें वरना बलपूर्वक कब्जा हटाया जाएगा। अब 18 परिवार मानसिक रूप से परेशान है और न्याय की गुहार लगा रहे हैं। कलेक्टर से भी शिकायत करेंगे।
पट्टे के आधार पर बनाया मकान
ग्रामीणों का कहना है कि बरसात में किसी को बेदखल नहीं किया जा सकता। उनके पास पंचायत से मिला आबादी भूमि का पट्टा है। उसके आधार पर उन्होंने मकान बना रखा है। अब उन्हें छोडऩे नोटिस दिया जा रहा है, जो गलत है। ग्रामीणों ने कहा कि बिना जांच के एकतरफा कार्रवाई नहीं करनी चाहिए। वे आंदोलन के लिए मजबूर होंगे।
सभी परिवार डरे-सहमे
पीडि़ता शैलेंद्री बाई ने कहा कि एसडीएम ने 15 जून को नोटिस दिया है। 5 जुलाई तक मकान तोडऩे दबाव बनाया जा रहा है। इससे सभी पीडि़त परिवार डरे सहमे हैं। मकान टूटा तो परिवार कहां जाएगा सबको चिंता है। वहीं ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि गांव में पहले से कई लोगों के अवैध कब्जे हैं, उन पर पहले कार्रवाई होनी चाहिए।
इन्हें दिया गया है नोटिस
नारायण साहू पिता भोजराम साहू
बलराम निषाद पिता घासी राम निषाद
गेंद लाल चंद्राकर पिता कांशी राम चन्द्राकर
सालिक राम ठाकुर पिता श्याम लाल ठाकुर
महेश कुर्रे पिता मुरली कुर्रे
मानसिंह देशलहरे पिता संगनू राम
टीकम यादव पिता पतराखन यादव
सूबेदास यादव पिता पतराखन
आत्माराम सुर्यवंशी पिता बुधारू राम
बल्लू राम निर्मलकर पिता दुखितराम
सुरेन्द्र निषाद पिता रंजीत निषाद
प्रेम लाल विश्वकर्मा पिता झुमुक
राजेन्द्र यादव पिता गहिरू यादव
महेश विश्वकर्मा पिता नंदलाल
शैलेंद्री निषाद पति फिरतू
गौरव निषाद पिता सुरेन्द्र निषाद
लेकेश यादव पिता गहिरू
परस साहू पिता सुभान साहू
पट्टे वाली जगह पर नहीं बनाया मकान
सरपंच योगेश चंद्राकर ने कहा कि जिन लोगों ने कब्जा किया है, उन्हें ही नोटिस दिया गया है। कुछ लोग पंचायत से पट्टा देने की बात कह रहे हैं। जिस जगह का पट्टा दिया गया था, वहां पर मकान नहीं बना कर दूसरी जगह बना लिया है। इस कारण पट्टा अब निरस्त हो चुका है। जिन्हें भी नोटिस दिया गया है, उन्हें पांच से छह बार पहले भी स्वत: कब्जा हटाने कहा जा चुका है। अब अंतिम नोटिस दिया गया है। पंचायती राज अधिनियम के अनुसार ही कार्रवाई की जा रही है। लोगों ने कब्जा नहीं हटाया तो पुलिस की मदद से पंचायत कब्जे हटवाएगी।
Published on:
05 Jul 2023 10:38 pm
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