9 जनवरी 2026,

शुक्रवार

Patrika LogoSwitch to English
home_icon

होम

video_icon

शॉर्ट्स

catch_icon

प्लस

epaper_icon

ई-पेपर

profile_icon

प्रोफाइल

हाथियों के उत्पात से हलाकान हुए किसान, रौंद डाली तीन गांव की 50 एकड़ धान की फसल

हाथियों के दल ने तीन गांव के 50 एकड़ से भी ज्यादा की धान की फसल को रौंदकर तहस-नहस कर दिया ।

less than 1 minute read
Google source verification
Elephant

हाथी

कसडोल. हाथियों के दल ने तीन गांव के 50 एकड़ से भी ज्यादा की धान की फसल को रौंदकर तहस-नहस कर दिया । इस तबाही के लिए किसानों ने वन विभाग को जिम्मेदार ठहराते हुए उचित मुआवजा देने और बची फसल को हाथियों से बचाने का कारगर उपाय करने की मांग की है ।

वनांचल क्षेत्र के गांव में हाथियों द्वारा रबी की फसल को जबरदस्त नुकसान पहुंचाया जा रहा है । हाथियों के दल ने गनियारी, नगेडा और बिलारी के करीब 50 एकड़ की धान की फसल बर्बाद कर दिया ।हाथियों द्वारा फसल को नुकसान पहुंचाए जाने और वन विभाग द्वारा हाथियों को खदेड़ने में कोई रूचि नहीं लेने से विभाग के प्रति किसानों का आक्रोश पनपता जा रहा है । कसडोल तहसील क्षेत्र के बना चुके गांव गिनयारी, नगेडा, बलियारी सहित आसपास के करीब डेढ़ दर्जन गांव के किसान इन दिनों हाथियों के उत्पात से परेशान हैं।

ग्राम गनियारी निवासी पितांबर पटेल, उत्तर पटेल, हेमलाल पटेल, नगेड़ा उमाशंकर पटेल, सुशील पटेल आदि लोगों ने बताया कि तीनों गांव में सिंचाई सुविधा उपलब्ध के हिसाब से करीब 300 एकड़ में अभी धान की फसल लगाई गई थी, इसमें से करीब 50 एकड़ भूमि की फसल हाथियों को रौंदने से पूरी तरह नष्ट हो गई है ।

अब चूंकि धान की फसल में बालियां आने लगी है और ऐसे समय में फसल को नुकसान होने से पुन: फसल नहीं हो पाएगा ।किसानों ने इसके लिए वन विभाग को जिम्मेदार ठहराते हुए वास्तविक मुआवजा देने एवं बची फसल को हाथियों से बचाने कारागर उपाय करने की मांग शासन प्रशासन से की है।