
नाड हब्बा: 3डी प्रोजेक्शन मैपिंग शो
पर्यटकों को लुभा रहा है 134 साल पुराने ऐतिहासिक टाउन हॉल पर अनोखा प्रदर्शन
मैसूरु. राज्य पर्यटन विभाग और जिला प्रशासन ने महलों के शहर मैसूरु का इतिहास और विश्व प्रसिद्ध दशहरा महोत्सव में वाडियार राजपरिवार के योगदान को 3डी प्रोजेक्शन मैपिंग शो के माध्यम से दिखाना शुरू किया है।
अत्याधुनिक तकनीक वाले इस 3डी प्रोजेक्शन मैपिंग शो का आयोजन 134 वर्ष पुराने ऐतिहासिक टाउन हॉल के सामने हो रहा है। 3-डी प्रोजेक्शन मैपिंग एक उस तकनीक पर आधारित है जो एक इमारत या संरचना को सतह के रूप में बदल देती है, जबकि यह पूरी तरह से सिर्फ प्रकाश होता है। निर्धारित संरचना पर शो की थीम के साथ चमकदार छवियों के बीच संबंधित इमारत, व्यक्ति या स्थलों को प्रकाश द्वारा आकर्षक तरीके से दर्शाया जाता है और ऑडियो द्वारा उसका पूरा विवरण सुनाई देता है। टाउन हॉल की भव्य इमारत पर भी उसी अनुरूप पूरे मैसूरु का इतिहास 3डी प्रोजेक्शन मैपिंग से उकेरा जा रहा है। यह प्रदर्शन कन्नड़ और अंग्रेजी दोनों भाषाओं में है। इसमें पेश किया जाना वाला संवाद वर्ष 1938 में ऑल इंडिया रेडियो पर प्रसारित हो चुका है, जिसे उस समय के नलवाडी कृष्ण्राजा वाडियार के दीवान रह चुके सर मिर्जा इस्माइल ने पेश किया था। 18 अक्टूबर तक चलने वाले इस शो को देखने के लिए बड़ी संख्या में पर्यटक आ रहे हैं। 3डी मैपिंग पेश कर रहे स्पलाट स्टूडियो के संस्थापक हितेश कुमार ने बताया कि 12 मिनट के शो के दौरान दर्शकों को मैसूरु की स्थापना से लेकर ऐतिहासिक विवरण, राजाओं के योगदान, शहर की खूबसूरत और पर्यटन गंतव्य एवं स्वच्छ भारत मिशन के तहत दो बार स्वच्छ भारत शहरों की सूची में मैसूरु के शीर्ष पर रहने को शामिल किया गया है।
नलवाडी कृष्णराजा वाडियार, भारत रत्न सर एम. विश्वेशवरैया, मैसूरु के दीवान रहे सीवी रंगाचारुलू आदि के मैसूरु को समृद्ध करने में निभाई गई भूमिका भी इसमें शामिल है। गौरतलब है कि सीवी रंगाचारुलू की स्मृति में वर्ष 1884 में टाउन हॉल का निर्माण हुआ था। इसके अतिरिक्त चामुंडी पहाड़ी, देवी चामुंडी के प्रति श्रद्धा, महिषासुर से जुड़ा इतिहास आदि भी देखने को मिलता है।
Published on:
17 Oct 2018 09:39 pm
