
बांसवाड़ा : माही में कूदी युवती का 40 घंटे बाद 4 किलोमीटर दूर आंबापुरा के पास मिला शव
बांसवाड़ा. पुलिस हिरासत में लाते समय सोमवार देर रात गेमन पुल से कूदी युवती का शव चालीस घंटे बाद बुधवार शाम बरामद हुआ। शव पुल से करीब चार किमी दूर माही बैकवाटर में मिला। शव लंबे समय तक पानी में पड़ा रहने की वजह फूल गया था।
डूंगरपुर जिले के आसपुर निवासी यशप्रिया (21) पुत्री यशवंत वैष्णव को उसके भाई की गुमशुदगी की रिपोर्ट पर कार्रवाई करते हुए पुलिस हैदराबाद से बरामद कर आसपुर ला रही थी। युवती के अलावा युवक कुराबड़ निवासी राजबहादुर तथा उसके पिता जोगेन्द्रसिंह व रिश्तेदार प्रदीपसिंह भी साथ थे। जीप जब गेमन पुल पर पहुंची, तभी यशप्रिया ने उल्टी आने के बहाने पुलिस की जीप रुकवाई और महिला कांस्टेबल को धक्का देकर गेमन पुल से कूद गई थी।
ग्रामीण ने शव देखकर पुलिस को दी सूचना
सोमवार रात और मंगलावार को उसकी पानी में तलाश की गई, लेकिन सुराग नहीं लगा। बुधवार को उदयपुर से आईआईएसडीआरएफ की टीम एवं बांसवाड़ा की रेस्क्यू टीम के गोताखोरों ने दिनभर पानी में कई बार गोते लगाए, लोहे के आंकड़े डालकर युवती को ढूंढने के प्रयास किए। स्थानीय ग्रामीणों एवं नाविकों की भी मदद ली गई। पुलिस अधीक्षक कालूराम रावत सहित अन्य अधिकारी भी पहुंचे। थानाधिकारी नागेन्द्रसिंह के अनुसार खोरीपाड़ा निवासी मांगीलाल ने पानी में शव देखने की सूचना दी। इस पर शाम साढ़े चार बजे उदयपुर से आईआईएसडीआरएफ की टीम के साथ पुलिस वहां पहुंची और शव बरामद किया। शव एम जी अस्पताल की मोर्चरी में रखवाया गया है। पोस्टमार्टम गुरुवार सुबह होगा।
पुल से फेंकने का लगाया आरोप
इधर पुलिस की मौजूदगी के बीच हुए हादसे की निष्पक्ष जांच की मांग कर परिजनों ने कलक्टर को ज्ञापन सौंपा।इसमें उन्होंने पुलिस टीम द्वारा लाए जा रहे युवक व अन्य लोगों पर यशप्रिया को गेमन पुल से फेंकने का आरोप लगाया है। ज्ञापन में बताया है कि मृतका के भाई अटल वैष्णव ने बताया कि करीब चालीस दिन पूर्व यशप्रिया की गुमशुदगी दर्ज कराई थी। इसके बाद 24 दिसंबर को उसे मोबाइल पर सूचना देकर थाने पर बुलाया गया और उसे कहा गया कि तुम्हारी ***** मिल गई है। उसे सुबह दस बजे आसपुर लेकर पहुंचेंगे। इसलिए तुम भी वहीं आ जाना, लेकिन वे देर रात तक नहीं पहुंचे। इसके बाद रात करीब साढ़े तीन बजे आसपुर थाना प्रभारी ने मेरे मामा के घर बांसवाड़ा आकर बताया कि यशप्रिया को लेकर पुलिस रात करीब साढ़े बारह बजे गेमन पुुल के पास से गुजर रही थी, तभी यशप्रिया ने उल्टी के बहाने वाहन को रुकवाया और वह पुुलिस को धक्का देकर माही नदी में कूद गई है। ज्ञापन में परिजनों ने शंका व्यक्त कर बताया कि पुलिस के साथ जो लोग थे उन्होंने यशप्रिया को पुलिस की मौजूदगी में पानी में फेंक दिया। इसलिए प्रकरण में लापरवाह पुलिस कार्मिक एवं उनके साथ जो लोग हैं उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई कर निष्पक्ष न्याय किया जाए।
Published on:
26 Dec 2018, 8:31 PM IST
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