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साइबर ठगी में सहयोगी बिल्डर को ढूंढ रही थी 11 राज्यों की पुलिस, 3.20 करोड़ की ट्रांजैक्शन का खुलासा, गया जेल, जाने मामला

साइबर ठगी के एक बड़े नेटवर्क का खुलासा करते हुए बरेली पुलिस ने नारायणी इंफ्राटेक के डायरेक्टर प्रदीप कुमार सिंह को गिरफ्तार किया है, जो 11 राज्यों में फैली साइबर ठगी की कड़ी का अहम हिस्सा था।

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बरेली। साइबर ठगी के एक बड़े नेटवर्क का खुलासा करते हुए बरेली पुलिस ने नारायणी इंफ्राटेक के डायरेक्टर प्रदीप कुमार सिंह को गिरफ्तार किया है, जो 11 राज्यों में फैली साइबर ठगी की कड़ी का अहम हिस्सा था। पुलिस की जांच में सामने आया है कि प्रदीप ने अपनी कंपनी का बैंक खाता 20 लाख रुपये में किराए पर साइबर अपराधियों को सौंप दिया था। इस खाते के जरिए कुल 3.20 करोड़ रुपये की अवैध लेन-देन की गई।

बरेली साइबर क्राइम थाना प्रभारी दिनेश शर्मा के अनुसार प्रदीप को 75 हजार रुपये एडवांस दिए गए थे, बाकी रकम मिलने से पहले ही उसे धर दबोचा गया। उसकी गिरफ्तारी के बाद अब अन्य राज्यों की पुलिस भी उसे रिमांड पर लेने की तैयारी में है। दिल्ली, महाराष्ट्र, केरल, तमिलनाडु, मध्यप्रदेश, उत्तराखंड समेत 11 राज्यों की पुलिस इस ठग के पीछे लगी थी, लेकिन बरेली पुलिस ने बाजी मार ली।

3.2 करोड़ की ट्रांजैक्शन, एक ही खाते में आए पैसे

जांच में पता चला है कि 18 और 19 जून को नारायणी इंफ्राटेक के बैंक खाते में ठगी के 3.20 करोड़ रुपये ट्रांसफर किए गए। इनमें से 1.10 करोड़ वैज्ञानिक सेठगी नामक शख्स से आए थे। बाकी राशि अन्य राज्यों से ठगी के जरिए भेजी गई। 20 जून को पूरी रकम एक साथ खाते से निकाल ली गई, जिसके बाद खाते को फ्रीज कर दिया गया।

मोबाइल, क्रिप्टो वॉलेट बरामद

गिरफ्तार आरोपियों के पास से तीन मोबाइल, आधार कार्ड, पैन कार्ड और एक क्रिप्टो वॉलेट बरामद हुआ है। क्रिप्टो वॉलेट की जांच की जा रही है, जिससे अंतरराष्ट्रीय नेटवर्क की पुष्टि हो सकती है। शुरुआती जांच में सामने आया है कि यह साइबर ठग गिरोह चीन से ऑपरेट होता है।

छह आरोपियों की पहले हो चुकी गिरफ्तारी

इस मामले में अब तक कुल नौ आरोपी जेल भेजे जा चुके हैं। प्रदीप के अलावा रविवार को महफूज और अमान को भी गिरफ्तार कर जेल भेजा गया। इससे पहले लखनऊ, मिर्जापुर, बदायूं और अन्य जिलों से जुड़े निम्नलिखित छह आरोपियों को भी जेल भेजा गया था:

सुधीर चौरसिया, लाल बाग, लखनऊ

रजनीश द्विवेदी, खालेगांव, गोडा

श्याम वर्मा, खदरा, लखनऊ

महेंद्र प्रताप सिंह, गोमतीनगर, लखनऊ

दीपू पांडेय, जमालपुर, मिर्जापुर

शुभम यादव, भदावल, मिर्जापुर

कार्रवाई में शामिल रही टीमें

गिरफ्तारी अभियान में साइबर थाना प्रभारी दिनेश शर्मा, एसआई नीरज सिंह, सुरेश शर्मा, एसटीएफ इंस्पेक्टर अंजनी पांडेय, आदित्य सिंह और अन्य टीमें प्रमुख रूप से शामिल रहीं।
एसपी क्राइम मनीष सोनकर ने बताया कि प्रकरण की जांच तेजी से की जा रही है और जल्द ही पूरे नेटवर्क को ध्वस्त किया जाएगा।


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