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जिला अस्पताल से पुलिस को चकमा देकर फरार हुआ हिस्ट्रीशीटर, कई पुलिसकर्मियों पर गाज गिरना तय

मुठभेड़ में गोली लगने के बाद जिला अस्पताल में भर्ती हिस्ट्रीशीटर धीरेंद्र उर्फ वस्तावैया रविवार तड़के करीब पांच बजे पुलिस को चकमा देकर फरार हो गया। वह दो सिपाहियों की अभिरक्षा में अस्पताल के हड्डी वार्ड में भर्ती था। फरारी की सूचना मिलते ही पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया।

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जिला अस्पताल में मौजूद पुलिस (फोटो सोर्स: पत्रिका)

बदायूं। मुठभेड़ में गोली लगने के बाद जिला अस्पताल में भर्ती हिस्ट्रीशीटर धीरेंद्र उर्फ वस्तावैया रविवार तड़के करीब पांच बजे पुलिस को चकमा देकर फरार हो गया। वह दो सिपाहियों की अभिरक्षा में अस्पताल के हड्डी वार्ड में भर्ती था। फरारी की सूचना मिलते ही पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया।

एसएसपी डॉ. ब्रजेश सिंह ने लापरवाही बरतने वाले सिपाही धर्मेंद्र और कुशहर को तत्काल निलंबित कर दिया है। साथ ही दोनों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराकर उन्हें हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। घटना के बाद एसएसपी स्वयं जिला अस्पताल पहुंचे और सीसीटीवी कैमरों की जांच की। डॉक्टरों, मरीजों और तीमारदारों से पूछताछ कर हिस्ट्रीशीटर और सिपाहियों की गतिविधियों की जानकारी जुटाई गई। धीरेंद्र की गिरफ्तारी के लिए एसओजी समेत छह पुलिस टीमों को लगाया गया है।

15 अगस्त की रात मुठभेड़ में पकड़ा गया था धीरेंद्र

इस्लामनगर पुलिस ने 15 अगस्त की देर रात गांव अलीपुर के जंगल से हिस्ट्रीशीटर धीरेंद्र उर्फ वस्तावैया को गिरफ्तार किया था। गिरफ्तारी के दौरान उसने पुलिस पर फायरिंग कर दी थी। जवाबी कार्रवाई में धीरेंद्र के पैर में गोली लगी और वह घायल हो गया था। उसके खिलाफ जानलेवा हमले का नया मुकदमा दर्ज कर जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया था। इंस्पेक्टर विशाल प्रताप का कहना था कि धीरेंद्र को शनिवार को जेल भेजा जाना था, लेकिन कागजी कार्रवाई अधूरी रहने के कारण उसे जेल नहीं भेजा जा सका। इसी चूक का फायदा उठाकर वह फरार हो गया।

दरोगा की मां की हत्या का भी है आरोपी

धीरेंद्र पर कई संगीन आरोप हैं। 11 अगस्त की रात इस्लामनगर थाना क्षेत्र के मौसमपुर गांव में बदमाशों ने बहादुरगढ़ पुलिस चौकी प्रभारी मनवीर सिंह यादव की मां रातरानी उर्फ ज्ञानदेवी (65) की चाकू से गला रेतकर हत्या कर दी थी। हत्या के बाद बदमाश सोने के जेवर लूटकर फरार हो गए थे। दरोगा ने इस वारदात में गांव के ही हिस्ट्रीशीटर धीरेंद्र के खिलाफ नामजद रिपोर्ट दर्ज कराई थी।


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