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Barmer News: पाकिस्तानी महिला अब बन गई भारतीय, बच्चे जन्म से हिंदुस्तानी, अब नाना-नानी को इंतजार

Pak Refugees in Barmer: नागरिकता की खुशी- पाक विस्थापित परिवार हुए भारतीय, 3 पाक विस्थापितों को मिली भारतीय नागरिकता

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Pak refugees in Barmer

Barmer News: पाकिस्तान से भारत आई सागरबाई को भारतीय नागरिकता मिली। महिला के दोनों बच्चे पहले से भारतीय हैं। दरअसल, सागर की शादी तो भारत में हो गई थी, लेकिन नियमानुुसार उसको नागरिकता अब मिली है। दूसरी ओर उसके दोनों बच्चों का जन्म भारत में होने से वे पहले से ही भारतीय हैं। अब सागर के माता-पिता भी पाकिस्तान से यहां आ गए है, वे इस इंतजार में है। एक ही परिवार में नागरिकता को लेकर यह रोचक स्थिति शुक्रवार को सामने आई। शुक्रवार को बाड़मेर में 03 पाक विस्थापितों को भारतीय नागरिकता दी गई।

दरअसल, वर्ष 2013 में सागरबाई, भाई जयपालसिंह पुत्र उधेसिंह पाक से बाड़मेर आ गए। यहां सागरबाई की शादी वर्ष 2013 में बाड़मेर मगरा निवासी रतनसिंह के साथ हो गई। इसके बाद सागर बाई ने बेटे व बेटी को जन्म दिया। बेटे मानवेंद्र व बेटी जनककंवर को नागरिकता स्वत: ही मिल गई, लेकिन उनकी मां को नगारिकता का इंतजार था। उन्हें शुक्रवार को आयोजित कैंप में नागरिकता मिली है। सागरबाई के भाई जयपालसिंह को भी शुक्रवार को ही नागरिकता मिली है।

अब नाना-नानी को इंतजार

बेटी की शादी के बाद सागरबाई के पिता उधेसिंह व मां भी भारत आ गईं। दो साल पहले ही यहां आए हैं। उनको अब नियमानुसार बाद में नागरिकता मिलेगी। सागरबाई के पति रतनसिंह बताते है कि लंबे समय से चक्कर काट रहे थे।

15 साल बाद मिली नागरिकता

इसी तरह दलपतसिंह का परिवार पाकिस्तान से वर्ष 2009 में भारत आ गया था, लेकिन आवेदन करने के बावजूद इन्हें नगरिकता नहीं मिल रही थी। लंबे इंतजार के बाद दलपतसिंह व उनकी पत्नी को वर्ष 2020 में नागरिकता का प्रमाण पत्र मिल गया, लेकिन उनके बेटे अजमलसिंह का आवेदन रह गया। अब शुक्रवार को अजमल को नागरिकता मिली है। अजमल बताते हैं कि 15 साल से चक्कर काट रहे थे, अब नगरिकता मिली है। अब रोजगार तो मिलेगा, यहां तो नगरिकता नहीं होने पर कुछ काम ही नहीं कर सकते थे। आज बहुत खुशी है।

पांच साल के आवेदन एक नजर

जिला- 5 साल में जमा आवेदन- निस्तारित- लंबित
बाड़मेर- 72- 28- 44
जैसलमेर- 294- 56- 238
बालोतरा- 07- 00- 07
कुल 373- 84- 289

289 को अभी भी इंतजार, 15 साल बाद किया आवेदन

बाड़मेर, जैसलमेर व बालोतरा में 289 पाक विस्तापितों के आवेदन आज भी लंबित है। इसमें सर्वाधिक जैसलमेर के 238 आवेदन हैं।

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