
बाढ़मेर।
लोकसभा चुनाव 2019 ( lok sabha election 2019 ) के सियासी रण में कांग्रेस और बीजेपी नेताओं के बीच पार्टियां बदलने का खेल जारी है। इसी बीच एक और दिग्गज नेता भाजपा को बड़ा झटका देने जा रहे हैं। भाजपा सांसद कर्नल सोनाराम चौधरी ( Karnal sonaram choudhary ) कांग्रेस में शामिल होने जा रहे हैं। सोनाराम ने पांच साल पहले कांग्रेस छोड़ बीजेपी का दामन थामा था लेकिन वो एकबार फिर से कांग्रेस में वापसी कर रहे हैं। सोनाराम ने कांग्रेस में शामिल होने की पुष्टि करते हुए कहा कि ‘मैं कांग्रेस ज्वॉइन कर रहा हूं, अब लोकसभा चुनाव में कांग्रेस को जितवाना है‘। सोनाराम दिल्ली से जोधपुर पहुंच रहे है और शुक्रवार 26 अप्रेल को अपना निर्णय सुनाएंगे। उन्होंने अपने समर्थकों की बैठक बुलाई है। सोनाराम दो बार अपनी नाराजगी जाहिर कर चुके हैं और लोकसभा चुनाव में भाजपा प्रत्याशी के प्रचार-प्रसार में नहीं आए। केन्द्रीय मंत्री प्रकाश जावड़ेकर और प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की सभा में भी नहीं आए।
भाजपा सांसद कर्नल सोनाराम बाड़मेर से टिकट काटे जाने के बाद से बीजेपी से नाराज चल रहे थे। भाजपा ने सोनाराम का टिकट काटकर कैलाश चौधरी को दिया। सोनाराम ने इसको लेकर अपने आवास पर बैठक बुलाकर खुला कहा था कि भाजपा ने उन्हें दूध में से मक्खी की तरह निकालकर फेंक दिया। वे तीन बार सांसद रहे थे और उनके पास जीत का गणित था इसलिए भाजपा ने उनको जसवंतसिंह के खिलाफ उतारा था। जसवंतसिंह को हराने का करिश्मा उन्होंने ही किया था। विधानसभा चुनावों में हार का कारण भाजपा के ही लोग रहे। जिन्होंने भीतरघात किया। इसी नाराजगी के चलते कर्नल की 5 साल बाद कांग्रेस में वापसी कर रहे हैं
कर्नल सोनाराम चौधरी 1996, 1998 एवं 1999 में कांग्रेस से सांसद रहे हैं। 2004 के चुनावों में वे मानवेन्द्रङ्क्षसह के सामने चुनाव हारे थे। 2009 में उनको पार्टी ने टिकट नहीं दिया क्योंकि इससे पहले 2008 में वे बायतु से विधायक बन गए। 2014 के चुनावों में कर्नल सोनाराम कांग्रेस छोड़ भाजपा में आ गए। उन्होंने जसवंतसिंह के सामने चुनाव लड़ा और जीत गए। 2018 के चुनावों में कर्नल ने भाजपा से ही बाड़मेर से विधायक का चुनाव लड़ा, लेकिन हार गए। इस शिकस्त के बाद उनका टिकट काट दिया गया।
Updated on:
25 Apr 2019 12:03 pm
Published on:
25 Apr 2019 12:03 pm
