
Barmer new hospital
-अस्पताल के नए परिसर की ओपीडी में अव्यवस्थाएं-ओपीडी शिफ्ट को बीता लम्बा समय, फिर भी नहीं हो रही सुविधाएं
बाड़मेर. राजकीय जिला चिकित्सालय के विस्तारीकरण के चलते आनन-फानन में नए परिसर में ओपीडी व इमरजेंसी शिफ्ट कर दी गई, लेकिन अव्यवस्थाओं के चलते मरीज और परिजन परेशान हैं। स्थिति यह है कि अगर किसी मरीज की तबीयत खराब हो जाए तो ओपीडी के पूरे परिसर में कहीं बैठने के लिए न तो कुर्सी और ना ही बैंच लगाई गई है।
अस्पताल के नए परिसर में ओपीडी को शिफ्ट किए करीब एक पखवाड़ा बीत चुका है। लेकिन यहां मरीजों के लिए कोई व्यवस्था नहीं है। पहले तो मरीजों को पता ही नहीं चलता कि कौन चिकित्सक कहां बैठे हैं। इसके चलते मरीज इधर-उधर भटकते रहते हैं।
कहां से पता करें मरीज
अस्पताल के नए परिसर में कौन चिकित्सक कहां बैठा है, इसका भी पता नहीं चलता है। मरीज यहां-वहां भटकते हैं। पूछताछ के लिए अलग कोई व्यवस्था यहां नजर नहीं आ रही है। अभी कई स्थानों पर निर्माण चल रहा है। इसके चलते मरीज परेशान होते हैं।
कहीं नहीं बैठने की व्यवस्था
अस्पताल की ओपीडी में मरीजों के बैठने की कोई व्यवस्था नहीं है। पूरे पूरिसर में बैंच और कुर्सियां नहीं लगी हैं। इसलिए तबीयत खराब होने पर मरीज को फर्श पर ही बैठना पड़ता है। अस्पताल की ओपीडी में चिकित्सक को दिखाने आई महिलाएं सोमवार को यहां कक्ष में फर्श पर बैठी थीं। कई मरीजों की तबीयत खराब होने या चक्कर आने की स्थिति में भी फर्श पर बैठना ही मजबूरी बन गया है।
पर्ची पर पुराने ओपीडी कक्ष के नंबर
अस्पताल में कटने वाली मरीज की पर्ची पर अभी तक कक्ष संख्या 33 नंबर अंकित हो रहा है। जबकि यह कक्ष अस्पताल के पुराने परिसर स्थित ओपीडी का है। लेेकिन अनदेखी के चलते इसमें सुधार नहीं किया जा रहा है। कई मरीज व परिजन पर्ची पर ओपीडी कक्ष 33 देखकर असमजंस में पड़ जाते हैं। किसी को पूछने पर पता चलता है कि ओपीडी के नंबर गलत आ रहे हैं।
Updated on:
30 Oct 2018 07:06 pm
Published on:
30 Oct 2018 07:06 pm
