
पीएम मोदी और सीएम भजनलाल। पत्रिका फाइल फोटो
बालोतरा। राजस्थान सरकार के ड्रीम प्रोजेक्ट एचपीसीएल राजस्थान रिफाइनरी लिमिटेड (एचआरआरएल) के शुभारंभ को लेकर प्रस्तावित तिथि सामने आई है। बालोतरा जिले के पचपदरा क्षेत्र में स्थापित रिफाइनरी का उद्घाटन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 28 जनवरी को करने आ सकते है।
उद्घाटन के अवसर पर आयोजित होने वाले भव्य समारोह में करीब दो लाख लोगों के शामिल होने की संभावना है। इसे लेकर जिले में प्रशासनिक तैयारियां अंतिम चरण में पहुंच चुकी हैं।
पचपदरा रिफाइनरी देश की पहली ऐसी परियोजना है, जिसमें पेट्रोकेमिकल कॉम्प्लेक्स भी साथ में स्थापित किया गया है। इस कारण यह परियोजना न केवल राजस्थान बल्कि देश के औद्योगिक मानचित्र में भी विशेष महत्व रखती है। उद्घाटन समारोह को लेकर सुरक्षा, यातायात, जनसभा स्थल, पार्किंग, पेयजल एवं चिकित्सा सुविधाओं सहित सभी आवश्यक व्यवस्थाओं को लेकर प्रशासन पूरी तरह सतर्क नजर आ रहा है। पचपदरा शहर सहित हाईवे की सड़कों को दुरस्त करने के साथ ही रिफाइनरी क्षेत्र में सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए जा रहे है।
रिफाइनरी उद्घाटन समारोह में आने वाले लोगों के लिए भोजन व्यवस्था को लेकर पंचायत समिति बालोतरा की ओर से ई-निविदा प्रक्रिया प्रारंभ कर दी गई है। पंचायत समिति बालोतरा ने समारोह में अनुमानित 50 हजार लोगों के लिए फूड पैकेट आपूर्ति को लेकर ई-निविदा आमंत्रित की है।
विकास अधिकारी हीराराम कलबी की ओर से जारी ई-निविदा के अनुसार 50 हजार फूड पैकेट की अनुमानित लागत 30 लाख रुपये निर्धारित की गई है। ई-निविदा प्रपत्र 5 जनवरी 2026 को दोपहर 12 बजे तक ऑनलाइन प्राप्त करने के बाद उसी दिन दोपहर 3 बजे निविदादाताओं के समक्ष खोली जाएगी।
जानकारी के अनुसार रिफाइनरी उद्घाटन समारोह के प्रचार-प्रसार को लेकर भी व्यापक स्तर पर तैयारियां की जा रही हैं। आयोजन में करीब दो लाख से अधिक लोगों के आने की संभावना को देखते हुए उसके अनुरूप प्रचार सामग्री तैयार कराई जा रही है, ताकि अधिक से अधिक लोगों तक जानकारी पहुंचाई जा सके।
समारोह में पश्चिमी राजस्थान के बालोतरा, बाड़मेर, जैसलमेर, जोधपुर, पाली, जालौर, सिरोही, नागौर, बीकानेर, चूरू, सीकर, झुंझुनू, श्रीगंगानगर और हनुमानगढ़ सहित विभिन्न जिलों से बड़ी संख्या में लोगों के शामिल होने की संभावना है। रिफाइनरी उद्घाटन को लेकर पचपदरा क्षेत्र में उत्साह का माहौल है और इसे बालोतरा जिले के साथ-साथ पूरे पश्चिमी राजस्थान के लिए एक ऐतिहासिक आयोजन के रूप में देखा जा रहा है।
Updated on:
03 Jan 2026 07:04 am
Published on:
03 Jan 2026 07:04 am
