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PM Modi Speech : ‘बहुत अफवाएं फैलाई, लोगों को डराया-भड़काया’, जानें राजस्थान से प्रधानमंत्री के भाषण की बड़ी बातें

प्रधानमंत्री ने मरुधरा के विकास को देश की प्रगति का मुख्य स्तंभ बताते हुए कहा कि हमारी सरकार परियोजनाओं को अटकाने या लटकाने में नहीं, बल्कि उन्हें समय पर पूरा कर जनता को समर्पित करने में विश्वास रखती है।
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PM Narendra Modi Rajasthan Visit Pachpadra Refinery Speech Highlighted main points

PM Narendra Modi Rajasthan Visit PIC

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने राजस्थान के बालोतरा जिले के पचपदरा में ₹1.06 लाख करोड़ की विभिन्न विकास परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास किया। इसके बाद एक विशाल जनसभा को संबोधित किया। अपने संबोधन में पीएम मोदी ने विपक्ष और राजनीतिक विरोधियों पर तीखे जुबानी हमले किए। उन्होंने साफ तौर पर कहा कि कुछ लोगों ने राजनीतिक संकीर्णता और क्रेडिट लेने की होड़ में प्रदेश के इस सबसे बड़े ड्रीम प्रोजेक्ट, पचपदरा रिफाइनरी को पूरे 5 साल तक ठंडे बस्ते में डालकर अटकाए रखा, जिससे इसकी लागत ₹37,000 करोड़ से दोगुनी बढ़कर लगभग ₹80,000 करोड़ तक पहुंच गई।

प्रधानमंत्री ने मरुधरा के विकास को देश की प्रगति का मुख्य स्तंभ बताते हुए कहा कि हमारी सरकार परियोजनाओं को अटकाने या लटकाने में नहीं, बल्कि उन्हें समय पर पूरा कर जनता को समर्पित करने में विश्वास रखती है।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के भाषण की बड़ी बातें

- ''गर्मी के इस मौसम में स्थान-स्थान पर इतनी बड़ी मात्रा में लोगों का एकत्र होना, हम सबको आशीर्वाद देना। ये दिखाता है कि भाजपा सरकार के प्रयासों पर आपका विश्वास कितना बुलंद है। मैं इस समर्थन और स्नेह के लिए राजस्थान की माटी का ऋणी हूं।''

-''ये धरती अनगिनत वीरों के शौर्य की साक्षी रही है। इस रण के कण-कण ने हमें स्वाभिमान को सर्वोपरि रखने की सीख दी है। और व्यक्ति एवं देश का स्वाभिमान तभी ऊंचा रह सकता है, जब वो आत्मनिर्भर हो, दूसरों पर कम से कम निर्भर हो। आज राजस्थान की इस धरती से भारत ने विकसित और आत्मनिर्भर होने की दिशा में एक बहुत बड़ा कदम उठाया है।''

- ''आज इस रिफाइनरी को देश को समर्पित किया गया है। ये रिफाइनरी यहां हजारों लोगों के रोजगार का माध्यम बनेगी। मैं राजस्थान के युवाओं को इस रिफाइनरी की विशेष तौर पर बधाई देता हूं।''

-''आज का दिन साक्षी है कि भाजपा सरकारें परियोजनाओं को सिर्फ शिलान्यास करके नहीं छोड़ती। बल्कि हम उन परियोजनाओं को पूरा करने के लिए भी दिन-रात एक कर देते हैं। दो महीने पहले यहां जो हादसा हुआ, उसके बाद इतनी तेजी से काम पूरा कर लेना भी परिश्रम की पराकाष्ठा का उदाहरण है।''

-''आप सबने दिखा दिया है कि चुनौती चाहे कितनी भी बड़ी और अप्रत्याशित क्यों न हो, नया भारत अपने संकल्पों से न तो पीछे हटता है और न ही अपनी रफ्तार कम करता है।''

-''आज ही, जोधपुर में नए एयरपोर्ट टर्मिनल का उद्घाटन किया गया है। ये मारवाड़ में पर्यटन, व्यापार और रोजगार को नई गति देगा।''

-''इस कार्यक्रम में जो लोग जोधपुर से जुड़े हैं, मैं उनका विशेष रूप से अभिनंदन करता हूं। जोधपुर से ही आज उड़ान योजना के नए चरण की भी शुरुआत हुई है। इसके तहत छोटे-छोटे शहरों और दूर-दराज के क्षेत्रों को एयर कनेक्टिविटी से जोड़ा जाएगा।''

-''साथ ही अब जयपुर में मेट्रो का विस्तार भी होने जा रहा है। शेखावाटी क्षेत्र के जल संकट को दूर करने का इंतजार भी अब खत्म होने जा रहा है। मैं इन सभी प्रोजेक्ट्स के लिए राजस्थान के मेरे भाई-बहनों को बहुत बहुत बधाई देता हूं।''

-''आज राजस्थान के करीब 54 हजार युवाओं को सरकारी नौकरी का नियुक्ति पत्र भी मिला है। मैं नियुक्ति पाने वाले सभी युवाओं के उज्ज्वल भविष्य की कामना करता हूं। उनका युवा मन राजस्थान के उज्ज्वल भविष्य को और मजबूती देगा।''

-''आज राजस्थान की इस धरती से मैं देश के एक और सामर्थ्य की चर्चा करूंगा। आप भी देख रहे हैं कि पश्चिमी एशिया में युद्ध की वजह से पूरी दुनिया में हाहाकार मचा है, हर देश त्रस्त है। इस युद्ध ने 21वीं सदी के सबसे बड़े ऊर्जा संकट को जन्म दिया। बड़े-बड़े देश आज ईंधन की किल्लत से जूझ रहे हैं। लेकिन, 21वीं सदी के इस सबसे बड़े ऊर्जा संकट पर 21वीं सदी के नए भारत की इच्छाशक्ति और प्रयास भारी पड़े हैं।''

-''भारत ने हर स्तर पर सही फैसले लिए... संकट का समय रहते सटीक आंकलन किया... प्रभावी रणनीति बनाई... भारत के संसाधनों का संतुलित प्रयोग किया। भारत की diplomatic power का सकारात्मक इस्तेमाल किया। और तब जाकर भारत सकंट से उबर पाया है।''

-''जब सार्वजनिक तौर पर कुछ ताकतें अफवाह और आशंका फैलाने में व्यस्त थी, तब किस scale पर दिनरात काम हो रहा था, किस तरह स्थिति को संभाला जा रहा था। वो मेहनत, वो प्रयास, वो धैर्य, नीतिगत और कूटनीतिक स्तर पर उठाया गया एक-एक संवेदनशील कदम कभी न कभी इतिहास लिखेगा। ये सब अभूतपूर्व है।''

-''बहुत अफवाएं फैलाई गई, लोगों को डराया गया, भड़काया गया, राजनीति के खेल खेले गए। लेकिन जिनके इरादे गलत थे, वो सफल नहीं हो पाए। दूर-सुदूर इलाकों में भी छोटी मोटी अड़चनों के अलावा ईंधन सप्लाई में कोई बड़ी चुनौती नहीं आई।''

-''अप्रैल से जून के बीच ही अकेले डीजल-पेट्रोल में 75 हजार करोड़ रुपये से ज्यादा का घाटा कंपनियों को सहना पड़ा। और इस घाटे को पूरा करने की जिम्मेदारी सरकारी खजाने से उठाई गई। हमने प्रति लीटर 10 रुपये की excise duty भी कम की और बहुत ज्यादा बोझ जनता पर नहीं पड़ने दिया।''

-''युद्ध के इसी समय में भारत की दूसरे देशों के साथ दोस्ती बहुत काम आई। जब ये संकट शुरू हुआ था, उससे पहले भारत 25-26 देशों से ईंधन का आयात करता था। लेकिन संकट के समय भारत की diplomacy का जलवा दिख गया। दूसरे देशों के साथ हमारे अच्छे संबंध इस संकट की घड़ी में बहुत काम आए।''

- ''युद्ध के दौरान ही भारत 40 से ज्यादा देशों से ईंधन मंगाने लगा। भारत ने दुनिया को स्पष्ट संदेश दिया कि हमारे लिए राष्ट्रहित और राष्ट्र के नागरिकों का हित सर्वोपरि है। नागरिक देवो भवः हमारा मंत्र है।''

- ''आज, मैं 140 करोड़ देशवासियों का आभार प्रकट करता हूं... उन्हें धन्यवाद कहता हूं... जिस तरह, वो इस मुश्किल समय में देश के साथ मजबूती से खड़े रहे... जिस तरह, देशवासियों ने अफवाह, डर और भ्रम फैलाने वालों का सामना किया... देश में अस्थिरता फैलाने की साज़िशों को नाकाम किया... देश उसी विश्वास के भरोसे आगे बढ़ पाया है।''

-''जो लोग भारत को असफल होते देखना चाह रहे हैं, इसके लिए भविष्यवाणी भी करने लग गए थे। वो आज निराशा की गर्त में पड़े होंगे।''

-''आज विकास परियोजनाओं के लोकार्पण और शिलान्यास योजनाओं के साथ ही मुझे यहां एक पेड़ मां के नाम कार्यक्रम के तहत खेजड़ी का पौधा लगाने का सौभाग्य भी मिला है। मैं जानता हूं कि राजस्थान में खेजड़ी का कितना महत्व है। बढ़ते रेगिस्तान को रोकने में इसकी बहुत सार्थक भूमिका रही है। इसलिए ये वृक्षारोपण हमारी कार्य संस्कृति का उदाहरण भी है। हमें प्रगति की नई ऊंचाइयों को भी छूना है और हमें पर्यावरण का संरक्षण भी करना है।''

- ''अब राजस्थान और हरियाणा सरकार मिलकर शेखावटी तक पानी पहुंचाएंगे। हाल ही में दोनों राज्यों के बीच समझौते पर मुहर भी लग चुकी है। इस समझौते के तहत हथिनीकुंड बैराज से पानी राजस्थान लाया जाएगा। इसके लिए अंडरग्राउंड पाइपलाइन बिछाई जाएगी। इसका लाभ सीकर, चूरू, झुंझुनूं और आसपास के पूरे शेखावटी क्षेत्र के लोगों को मिलेगा।''