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राजस्थान में 4 भाई-बहन बने इंसानियत की मिसाल, जाल में फंसे हिरण की ऐसी बचाई जान, देखें वीडियो

बाड़मेर के गणपति नगर भंवार में चार भाई-बहनों ने प्लास्टिक की जाल में फंसे हिरण की जान बचाकर मानवता की मिसाल पेश की। सवाई, जोगेश, ममता और जसू ने मिलकर जाल काटकर हिरण को आजाद कराया।
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Rajasthan Barmer four siblings rescue deer trapped in net

हिरण को बचाते हुए भाई-बहन (फोटो- पत्रिका)

Barmer News: बाड़मेर जिले में कुछ मासूम बच्चों ने ऐसा साहस और इंसानियत का उदाहरण पेश किया, जिसने हर किसी का दिल जीत लिया। गणपति नगर भंवार क्षेत्र में खेत में फंसे एक हिरण को इन बच्चों ने अपनी समझदारी और हिम्मत से बचा लिया। इस घटना का वीडियो अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।

जानकारी के अनुसार, गणपति नगर भंवार निवासी सवाई राम पुत्र हरिराम, जोगेश पुत्र गेनाराम, ममता पुत्री संतोष और जसू पुत्री गेनाराम आपस में भाई-बहन हैं। गुरुवार को जब ये सभी घर पर पढ़ाई कर रहे थे, तभी खेत की दिशा से एक अजीब आवाज सुनाई दी।

सवाई राम बाहर निकला तो देखा कि खेत में लगी प्लास्टिक के जाल में दो हिरण फंसे हुए हैं। इनमें से एक छोटा हिरण किसी तरह खुद को छुड़ाकर भाग गया। जबकि दूसरा पूरी तरह जाल में उलझ गया था।

सवाई राम ने तुरंत अपने भाई-बहनों को आवाज दी। सभी बच्चे किताबें छोड़कर मौके पर पहुंचे। उन्होंने देखा कि हिरण के सींग बुरी तरह फंसे हुए हैं और वह खुद को छुड़ाने की कोशिश में घायल हो रहा है।

बच्चों ने बिना किसी डर के मदद करने का फैसला किया। उन्होंने पहले हिरण को शांत करने की कोशिश की ताकि वह और अधिक चोटिल न हो। इसके बाद घर से चाकू मंगवाया और धीरे-धीरे जाल को काटना शुरू किया।

करीब आधे घंटे की मशक्कत के बाद आखिरकार हिरण को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया। जैसे ही हिरण आजाद हुआ, वह भाग खड़ा हुआ। बच्चों की खुशी का ठिकाना नहीं रहा। उन्होंने एक-दूसरे को गले लगाया और राहत की सांस ली।

पूरी घटना का वीडियो जसू ने अपने मोबाइल फोन से बनाया, जिसमें तीन बच्चे हिरण को बचाते नजर आ रहे हैं, जबकि जसू वीडियो बना रही है। यह वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया है और लोगों द्वारा बच्चों की जमकर तारीफ की जा रही है।

स्थानीय सरपंच प्रतिनिधि देवाराम ने कहा, इन बच्चों ने जिस तरह से बहादुरी और मानवता दिखाई है, वह पूरे समाज के लिए प्रेरणादायक है। सवाई, जोगेश, ममता और जसू ने न सिर्फ एक जीव की जान बचाई, बल्कि यह भी साबित किया कि इंसानियत आज भी जिंदा है।