
40 मीटर के दायरे में आए अवैध निर्माणों पर चलेगा बुलडोजर (पत्रिका फाइल फोटो)
बाड़मेर: जिले में राष्ट्रीय और राज्य राजमार्गों के किनारे अवैध रूप से कब्जा जमाए बैठे लोगों के खिलाफ प्रशासन ने निर्णायक जंग छेड़ दी है। जिला कलेक्टर की अध्यक्षता में हुई उच्च स्तरीय बैठक के बाद अब हाईवे की 'बिल्डिंग लाइन' और 'कंट्रोल लाइन' के भीतर आने वाले सभी अवैध निर्माणों को ध्वस्त करने की तैयारी पूरी कर ली गई है।
प्रशासन ने सख्त रुख अपनाते हुए स्पष्ट किया है कि सड़क सुरक्षा से खिलवाड़ करने वाले किसी भी अतिक्रमण को बख्शा नहीं जाएगा। जिला प्रशासन ने संबंधित विभागों को 15 दिन का अल्टीमेटम दिया है।
बैठक में निर्देश दिए गए कि नेशनल और स्टेट हाईवे के मध्य से 40 मीटर के दायरे (बिल्डिंग लाइन/आरओडब्ल्यू) में आने वाले निर्माण तथा सड़क के मध्य से 75 मीटर की कंट्रोल लाइन में बिना सक्षम अनुमति किए गए निर्माणों की मौके पर जांच की जाए। अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि वे मौके पर जाकर अवैध निर्माणों का चिह्नीकरण करें, उनकी वीडियोग्राफी कराएं और भौगोलिक निर्देशांक के साथ विस्तृत रिपोर्ट पेश करें।
अतिक्रमण हटाओ अभियान के दौरान कानून-व्यवस्था न बिगड़े, इसके लिए जिला पुलिस अधीक्षक चूनाराम जाट ने कमर कस ली है। उन्होंने सभी सर्किल अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि उपखंड अधिकारियों के साथ समन्वय बैठाकर पर्याप्त पुलिस बल उपलब्ध कराया जाए। भारी पुलिस जाब्ते की मौजूदगी में हाईवे किनारे अवैध रूप से बनी दुकानों, मकानों और ढांचों पर बुलडोजर चलाया जाएगा।
प्रशासन का मानना है कि हाईवे किनारे बिना अनुमति के किए गए अनियंत्रित निर्माण न केवल नियमों का उल्लंघन हैं, बल्कि ये भीषण सड़क दुर्घटनाओं का मुख्य कारण भी बनते हैं। विजिबिलिटी कम होने और सड़क के संकरे होने से सुरक्षा का खतरा बना रहता है।
प्रशासन का मानना है कि हाईवे किनारे अनियंत्रित निर्माण सड़क सुरक्षा के लिए खतरा बनते हैं। ऐसे में अब नियमों की पालना सुनिश्चित करने के लिए सख्ती से अभियान चलाया जाएगा। आने वाले दिनों में जिले के विभिन्न हाईवे क्षेत्रों में बड़े स्तर पर अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई देखने को मिल सकती है।
Updated on:
07 Apr 2026 12:07 pm
Published on:
07 Apr 2026 11:57 am
बड़ी खबरें
View Allबाड़मेर
राजस्थान न्यूज़
ट्रेंडिंग
