
3 लोग डायरिया की चपेट में (Photo Patrika)
CG News: प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र आनंदगांव में बुखार, खांसी और डायरिया के मरीजों की संख्या में वृद्धि हुई है। मटिया-बारगांव में भी कुल 4 मरीज मिले हैं। यहां यहां बताना लाजिमी है कि इसमें से एक ही परिवार के तीन मरीज हैं, जिन्हें प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र आनंदगांव में भर्ती कराया गया। गंभीर स्थिति के बाद फिर बुधवार को जिला अस्पताल बेमेतरा में रेफर किया गया है।
मौसम में बदलाव, दूषित भोजन और प्लास्टिक की बोतलों में दूध पीने से बीमारियां फैल रही हैं। गर्मी व उमस से बचने के लिए सावधानी बरतने की सलाह दी जा रही है। प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र आनंदगांव में ओपीडी में पहुंचने वाले अधिकांश मरीज बुखार और खांसी से पीड़ित निकले। इसके अलावा कुछ लोगों को पेट में दर्द या संक्रमण की भी शिकायत थी।
मेडिकल ऑफिसर डॉक्टर बलविंदर यादव ने कहा कि मौसम में बदलाव की वजह से लोग बीमार पड़ रहे हैं। तेज धूप में से आकर ठंडा पानी पीने से गले में खराश और खांसी की शिकायत हो रही है। जो लोग एसी में रहते हैं और अचानक निकलकर बाहर धूप में चले जा रहे हैं, वह वायरल बुखार की चपेट में आ रहे हैं।
बासी खाना खाने की वजह से लोग डायरिया की चपेट में आ रहे हैं। सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारी चांदनी मंडारे ने बताया कि गर्मी व दूषित खाने की वजह से बच्चे उल्टी- दस्त की चपेट में आ रहे हैं और डायरिया से पीड़ित हो रहे हैं।
मटिया में डायरिया से पीड़ित की जानकारी मिलने के बाद भाजपा जिला महामंत्री नरेंद्र वर्मा ने मेडिकल ऑफिसर डॉ. बलविंदर यादव से फोन पर चर्चा कर डायरिया से पीड़ित मरीज की जानकारी ली।
साथ ही उनके उपचार के लिए डॉक्टर यादव को सतत संपर्क में रहने कहा और गांव में तत्काल शिविर लगाने कहा ताकि सही समय मे बाकी लोगों का उपचार हो सके।
मेडिकल ऑफिसर डॉ. बलविंदर यादव ने बताया कि तेज धूप व उमस से बचने के लिए बाहर निकलते समय शरीर को ढककर निकलें। पैदल जाते समय छाता का प्रयोग करें। भरपूर मात्रा में ताजा पानी पीएं, बर्फ पड़ा हुआ कोई भी पेय पदार्थ न पीएं, बासी और दूषित भोजन न करें। बच्चों को गिलास या कटोरी से ही दूध पिलाएं, प्लास्टिक की बोतल का प्रयोग न करें। ज्यादा जरूरी हो तो स्टील की बोतल से दूध पिलाएं और हर बार गर्म खौलते हुए पानी से उसको साफ करें। कटे रखे या गले हुए फल खाने से परहेज करें।
मेडिकल ऑफिसर डॉक्टर बलविंदर यादव ने बताया कि मटिया में डायरिया से एक ही परिवार के 2 सदस्य पीड़ित थे, साथ में एक बच्चा भी अपनी दादी के साथ आया हुआ था। डॉ.यादव ने बच्चे को तत्काल प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र आनंदगांव में जांच करने के बाद सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बेरला भेजा गया फिर उस बच्चे को ब्लड की कमी के कारण बुधवार को जिला अस्पताल बेमेतरा रेफर किया गया। जहां उस बच्चे की स्थिति सामान्य बताई जा रही है।
Updated on:
15 Aug 2025 01:03 pm
Published on:
15 Aug 2025 01:02 pm
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