
‘स्पेशल पुलिस रिस्पॉन्स अलाउंस’ देने की अनुशंसा (फोटो सोर्स- AI)
भिलाई@अब्दुल सलाम। Police Allowance: छत्तीसगढ़ के करीब 70 हजार पुलिसकर्मियों को विशेष पुलिस रिस्पॉन्स अलाउंस देने का मामला पुलिस मुख्यालय में लंबित है। वेतन-भत्तों की समीक्षा के लिए गठित समिति ने अलग-अलग भत्तों को मिलाकर आरक्षक से निरीक्षक स्तर तक के अराजपत्रित पुलिसकर्मियों को पांच हजार रुपए प्रतिमाह विशेष पुलिस रिस्पॉन्स अलाउंस देने की अनुशंसा की है। पुलिस कर्मचारी संगठन अब इसे जल्द लागू करने की मांग कर रहा है।
समिति ने पौष्टिक आहार, वर्दी धुलाई, रायफल और अन्य निर्धारित भत्तों में बदलाव का अध्ययन किया। अनुशंसा के अनुसार वाहन भत्ते को 1,500 रुपए और वर्दी भत्ते को 4,000 रुपए करने का प्रस्ताव है। वहीं पौष्टिक आहार भत्ता 1,000 रुपए और रायफल भत्ता 1,000 रुपए करने की अनुशंसा की गई है। राशन भत्ता और एसटीएफ राशन भत्ता यथावत रखने का प्रस्ताव है। समिति ने प्रचलित आठ में से क्रमांक 4 और 7 को छोडक़र शेष भत्तों को समाप्त कर उनकी जगह 5,000 रुपए प्रतिमाह का विशेष पुलिस रिस्पॉन्स अलाउंस देने की अनुशंसा की है।
पुलिस के अराजपत्रित अधिकारियों-कर्मचारियों के वेतन व भत्तों की समीक्षा के लिए 21 फरवरी 2025 को अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक (कल्याण) की अध्यक्षता में समिति गठित की गई थी। समिति में पुलिस मुख्यालय और छत्तीसगढ़ सशस्त्र बल के अधिकारी शामिल थे। समिति की 25 फरवरी, 9 अप्रैल, 6 मई और 19 जून 2025 को बैठक हुई। इसमें अलग-अलग आवेदनों के साथ अन्य राज्यों में प्रचलित भत्तों का तुलनात्मक अध्ययन किया गया।
संयुक्त पुलिस कर्मचारी एवं परिवार कल्याण संघ के अध्यक्ष उज्जवल दिवान का कहना है कि कई भत्ते 1991 से चले आ रहे हैं और उनका अब तक समुचित पुनरीक्षण नहीं हुआ है। उनका आरोप है कि नक्सल क्षेत्र में ड्यूटी करने वाले जवानों को आज भी पुराने वेतनमान के आधार पर भत्ता मिल रहा है। जवानों को बाहर ड्यूटी पर जाने पर कई बार अपने खर्च से व्यवस्थाएं करनी पड़ती हैं।
Updated on:
03 Sept 2026 02:22 pm
Published on:
03 Sept 2026 02:21 pm
