
भिलाई. भारत देश की आजादी के दिन हमारा नामकरण का संस्कार किया जा रहा है। इस खुशी के मौके पर अधिक से अधिक पर्यटक मैत्रीबाग पहुंचंगेे, यह आमंत्रण पत्रिका के माध्यम से भेज रहे हैं। बुधवार को 15 अगस्त को दोपहर एक बजे मेन लॉन के पास बीएसपी प्रबंधन की ओर से नाम की घोषणा की जाएगी। इसके बाद जनता भी हमें हमारे नाम से पुकारेंगे। यह नाम पहली बार प्रबंधन आम लोगों के बीच से ले रहा है, इस वजह से यह अवसर और खास होगा।
दुनिया में कहीं भी जाए नाम से जन्म स्थान का बोध
मैत्रीबाग के नन्हें शावकों के नाम सुझाने वालों में नाम का मतलब और नामकरण क्यों किया है इसके लिए अपने-अपने तर्क और कारण भी दिए हैं। कुछ पाठकों ने दोनों शावकों का जन्म स्थान भिलाईनगर मैत्रीबाग में होने के कारण ऐसे नाम सुझाए हैं जिससे वे दुनिया में कहीं भी जाए नाम से जन्म स्थान का बोध होगा। इसलिए मैत्री और उपवन नाम सुझाएं हैं इसी तरह एक अन्य पाठक ने लोहा कारखाना के नाम से भिलाई विख्यात हैं इसलिए लोहा और लोहाटी नाम भी दिए हैं। वहीं बहुत सारे पाठकों ने सावन महीने में जन्म लेने के कारण भगवान शिव के प्रिय माह सावन, ऋृतु और उनके विभिन्न नामों पर नामकरण की राय व्यक्त किए हैं। इनमें शिव-शक्ति, गौरा-गरीमा, सौम्य-सौम्या, भारत-भारती, सावन-ऋृतु नाम दिए हैं। एक पाठक ने अगस्त माह में पैदा होने के कारण स्वतंत्रता दिवस से जोड़ते हुए आजाद और वीरांगना, एक ने अंग्रेजी नाम एडम और ऐली के साथ किसी ने संस्कृत और किसी ने बच्चों के कार्टून फिल्म, हिंदी फिल्मों और टीवी सीरियल के पात्रों के नाम पर नामकरण का सुझाव दिए हैं। करन-अर्जुुन, बादल-बिजली, सूरज-चंदा, शिवम, रुद्र गौरी, गंगा, पिनाकी, कवची, सूर्य, नारायणी, शोभा, शान, पार्थ आदि नाम बहुत सारे पाठकों ने सुझाए हैं।
पोस्ट कार्ड से आए यह नाम
कृष्णमूर्ति ने सुझाया साहिल, सरगम। शिवबहादुर सिंह जीवन-रागिनी रखने, चंद्रशेखर जनबंधु सिंघम-गुडिय़ा, जेपी शर्मा ने कबूतर-कोमल, नोहर सिंह गजेंद्र अजीत- प्रतिमा, अभिषेक सिंह राजा-रानी, आरएल सोनकर राधा- कृष्ण, आरके चंदेल जगत और जननी, लक्ष्मीकांत उपाध्याय हीरा और सखी, राजेश कांत फिरंगी ने सूर्मा और राखी, जितेंद्र यादव दीनानाथ और रजनी, सिविल लाइन मोहन यादव सोम व सावित्री, दुर्ग के प्रियांशी यादव सम्राट-सावित्री। प्रशांत झीरसागर राम और सीता, राजकुमार व राजकुमारी, ओम झीर सागर ने शिव व पार्वती, मोहन और मीरा। उषा झीरसागर लैला व मजनू, हीर व रांझा, पियूष झीरसागर ने हीरा और पन्ना, राजा व रानी। नरसिंह राव शिवालय व गंगा, रूकमंगद राव बंटी और बबली, प्रदीप सिंह श्याम व मोहनी, डिलेश्वर राव मोहन व राधा, डी मोहन राव राघव व सीता, उज्जवल दत्ता लौह पुरुष और महामाया, खूबचंद वर्मा चंदा और पारो, रूपेंद्र नाथ चांद और चकोरी, जेवरा सिरसा चंद्रकिशोर देशमुख फुलवा और ह्दया। सुपेला नरेश वर्मा बादल और बिजली, शंकर नगर दुर्ग लक्ष्मीनारायण भीष्म व गोदावरी।
फेसबुक में आए यह नाम
भुवन प्रताप राजा, रानी। महंत वर्मा सलोनी और सागर, हरिवंश राय चांद और चांदनी, सोनम श्रीवास्तव सुल्तान व आजादी, रवि सोनकर शेर व शेरनी, हरि ठाकुर वीर और वीरांगना, एम मिश्रा जय और जया, अभिषेक सलमान व कैटरीना, निशा बंछोर सूरज व बिजली, आशा सागर व लहर। हिमांक्षी हिमांक और हिमांगी, हरदीप कौर शॉय व लाडो, जय सिंह भारत व भारती, तोरण रजक हरित व हरियाली, विनायक वेट और ट्रिका, अभिषेक रॉय बादल और बिजली, रितु दुबे आजादी और स्वतंत्रता, पंकज देवांगन आशू और आशी, उमेश जे नायर क्षिप्रा और आकृत, लता साहू सूरज और किरण, किरण कुमार बाबू और सोना, नितेश नहम और तुम रनाम सुझाए हैं।
सोशल मीडिया में पत्रिका के पाठकों ने सुझाए नाम
देवल चक्रवर्ती आजाद व झांसी की रानी, पुरानी भिलाई राकेश कुमार चौहान राधा और कृष्ण, औद्योगिक क्षेत्र के अमर यन्नेवार शंकर व पार्वती, अनंत कुमार सल्लू व ऐश, संजय साहू अरशा और आलिशा,छात्र शुभम सिंह अशोक व मीरा, योगेश सोनी भोला और जिज्ञासा, पुरानी भिलाई मोहम्मद असफाक ने सल्लू और ऐश, जगत राम साहू गोरा और मंदाकनी, बबला चौहान अमित व रेखा।
यह नाम भी सोशल मीडिया में आए
स्टेशन मरोदा के ओमप्रकाश जायसवाल-भीम और मोना। भैयालाल साहू ग्राम मतवारी ज्ञानू-ज्ञानी। प्रखर साहू ग्राम राहुद सौम्य और सौम्या। प्रणय साहू ग्राम मतवारी गौरी-गरिमा। राकेश कुमार स्वर्णकार भिलाई भारत और भारती। नवनीत कुमार सोनी- प्रत्युष और सुकृति। वीणा दुबे सुहानी और सोह्म। महेंद्र कुमार हर्ष और हेमा। नितेश सिंह- सावन और ऋृतु। बशीर खान सेक्टर-10 ने दो नाम शोबी-शीबा और शान-शीना। संजय चौधरी कैंप-वन भिलाई शिवम-गौरी। मोहम्मद नसीम आजाद मार्केट रिसाली-करण-किरण। डॉ तरुण वर्मा बासिंग जामुल-आजाद-वीरांगना। पूजा नेवई भिलाई-रुद्र-गौरी। लक्ष्मीकांत शिर्के-रोलू और गोलू। रामदुलारी ताम्रकार-किशन और गंगा। भरत बाबू-जवाहर नगर भिलाई सूरज और चंदा। सुधांशु कोसे सेक्टर-04 बघिरा और लैला। पूनम कश्यप सूर्या विहार भिलाई-मित्रता और मैत्री। अनिमेश राय राजनांदगांव-बादल और बिजली। हर्षा पांडये एसीसी जामुल-शौर्य और येशानी। दिनेश कुमार साहू कुम्हारी ने पिनाकी, कवची, रुद्र, हरि, भीम। पीतांबर देशमुख-कल्याणी और सूरज। अमित अग्रवाल कोहका भिलाई-मैत्री और गार्डन। के. ज्योति आम्रपाली वनांचल सिटी ने दक्ष और दीक्षा, सुरेश देवांगन सुपेला भिलाई ने एक ही नाम सुझाया है पार्थ। भिलाई विद्यालय के लेक्चरार एसएल हर्जपाल ने किंग और शगुन। प्रशांत चंद्राकर कादम्बिनी नगर दुर्ग ने अंग्रेजी नाम एडम और ऐली सुझाया है। सुभाष कुर्रे ग्राम उमरपोटी ने लोहा और लोहाटी। मृदुलता अग्रवाल सेक्टर-04 ने किशन और गंगा के नर शावक का नाम बद्री और मादा का गंगोत्री। मुकेश अग्रवाल सेक्टर-04 ने कृष्णा और कावेरी। संतोष साहू कुम्हारी ने सूर्य और नारायणी। भागवत ताम्रकार गवली पारा दुर्ग ने शोभा और शान। अमिताभ भट्टाचार्य राधिकानगर भिलाई मान और सुन। पारसनाथ सोनी भिलाई-तीन चांदनी-सूरज। होत्री वर्मा न्यू आदर्श नगर कृष्ण-प्रिया, वर्षा प्रखर जैन कादम्बरी नगर दुर्ग मैत्री और उपवन। शरद अग्रवाल सेक्टर-02 ने माला-मोती और वर्षा-बादल। अभिजीत सिंह-शिव और शक्ति। करन-अर्जुन, पूजा और प्रसाद, अर्जुन-वैशाली आदि नाम सुझाए हैं।
बाघ वनराज और बाघ वनरानी
रश्मि शर्मा शक्ति विहार रिसाली मीरा और शंभु। सोनल वर्मा देवादा पाटन राही और रोहन। निधि वर्मा पाटन-सावन और सुहानी, शोभा और शान। शत्रुंजय तिवारी-भोला-भव्या। प्रमोद यदा-अवि-शिवाली। आईपी त्रिपाठी कुसुम नगर रिसाली-शंकर पार्वती। हश्चिंद्र सेक्टर-टू- अक्षत और महामाया। परमेश्वरी उरला दुर्ग बाघ वनराज और बाघ वनरानी। शिशिर श्रीवास्तव प्रतीक और महामाया। गज्जु यादव रिसाली-भिला और लाई। मनहरण साहू सेक्टर-टू भिलाई गौरव और चमेली। लक्ष्मीनारायण सोनी भिलाई-3 पिंगला रानी-भर्तहरि, त्रिवेणी देवी-त्रिदेव नाथ, चांदनी-सूरज। उज्ज्वल साहू कौही पाटन सावन और रिमझिम। गौरव गुप्ता गया नगर दुर्ग गुमान और गूंजा। दीपक गेंड्रे देवी और आजाद। हेमंत ताम्रकार सिंबा और नंदिनी। कामिनी साहू रानीतराई सूर्या और नारायणी। नरेश सेक्टर-2 विक्रम और वीरा। रामदुलारी ताम्रकार दुर्ग-गिनी-किनी। पूनम कश्यप भिलाई मैत्री-मित्र। दुश्यंत गजेंद्र लोरिक चंदा। शिवचरण साहू रामनगर उरला रोड दुर्ग शेरा और शेरू। अंशु देवांगन सेक्टर-04 रक्षा और नंदिनी। अब्दुल गफ्फार रिजवी दुर्ग ब्रम्हपुत्र और तीस्ता, हिमालय-गंगा, मार्बल-चांदनी, मलंग-मालिनी, रविश-रानी। मित्रता और मैत्रीय। आयुष और आशमा।
Published on:
14 Aug 2018 09:11 pm
बड़ी खबरें
View Allभिलाई
छत्तीसगढ़
ट्रेंडिंग
