
भिलाई. सुराना कॉलेज के मैदान में बने 50 और 100 मीटर के ट्रैक पर दिव्यांगों ने जब दौडऩा शुरू किया तो उनके हौसले पैर बन गए। कोई लडख़ड़ाता हुआ तो कोई एक पैर को घसीटता हुआ दौड़ता रहा पर किसी ने अपने दिव्यांग होने का अहसास जरा भी नहीं होने दिया। उनके लिए जीत या हार के कोई मायने नहीं थे। जो पहले पहुंचा वह तो विजेता रहा, पर आखिर में पहुंचने वाले बच्चों की जिंदादिली और उनके हौसलों को भी सभी ने सलाम किया।
विश्व दिव्यांग दिवस
विश्व दिव्यांग दिवस पर जिला प्रशासन और शिक्षा विभाग की ओर से हुए कार्यक्रम' ओजस में हुई खेल प्रतियोगिताओं में कई बार ऐसे मौके भी आए जब इन बच्चों की कोशिशों ने लोगों के दिलों को छू लिया। इस कार्यक्रम में मुख्य अतिथि दुर्ग महापौर चंद्रिका चंद्राकर, जिला पंचायत अध्यक्ष माया बेलचंदन थे। कार्यक्रम की अध्यक्षता कलक्टर उमेश अग्रवाल ने की। इस अवसर पर बच्चों के लिए दिनभर कई खेल एवं सांस्कृतिक प्रतियोगिताएं रखी गई। इस मौके पर सामाज कल्याण विभाग की ओर से दिव्यांगों को ट्राइसाइकिल, व्हील चेयर और बैशाखी बांटी गई। वहीं हायर एजुकेशन वाले दिव्यांग छात्रों को छात्रवृत्ति भी दी गई। साथ ही विजेता खिलाडिय़ों को पुरस्कार भी बांटे गए।
सबकी नजर गौकरण पर
ओजस में सभी की नजर दिव्यांग गौकरण पर रही जिसने पैर के सहारे पेंटिंग बनाकर सभी का दिल जीत लिया। उसने पर्यावरण संरक्षण को लेकर अपनी पेंङ्क्षटग तैयार की। वहीं मानसिक विकलांग स्कूल मुस्कान के दिव्यांगों ने भी डांस के जरिए सभी का दिल जीता।
लगाए स्टॉल
ओजस में जिले के 9 विशेष स्कूल के स्टॉल भी लगाए गए जिसमें उन्होंने दिव्यांग बच्चों की बनाई चीजों का डिस्पले किया। खासकर मानसिक दिव्यांग बच्चों के बनाए पेपर बैग, मोमबत्ती, फ्लावर पॉट सभी को काफी पसंद आए। इस मौके पर बच्चों का स्वास्थ्य परीक्षण भी कराया गया। कार्यक्रम में डीईओ आशुतोष चावरे भी मौजूद रहे।
यह दिव्यांग हुए शामिल
श्रवण एवं मूक बाधित, अस्थि बाधित, दृष्टि बाधित, मानसिक दिव्यांग
यह हुए खेल
500 100 मीटर दौड़, ट्राईसाइिकल दौड़, गोलाफेंक, गोली चम्मच दौड़ थ्रो बॉल(म्युजिकल) जंप
Published on:
03 Dec 2017 11:55 pm
बड़ी खबरें
View Allभिलाई
छत्तीसगढ़
ट्रेंडिंग
