
मौत की खबर पर तीजन की कड़ी प्रतिक्रिया : ले देख लव मोला, मे बने हव, पढि़ए पूरी खबर
भिलाई. सोशल मीडिया पर रविवार को दिनभर मौत की खबर से न सिर्फ सुप्रसिद्ध पंडवानी गायिका डॉ तीजन बाई बल्कि उनके परिजन भी बेहद खफा है। उनके परिजन ने मीडिया से हाथ जोड़कर विनती की है कि इस तरह की झूठी और सुनी सुनाई खबर पर ध्यान न दें। पत्रिका से एक्सक्लूसिव बातचीत के बाद उनके परिजन और शुभचिंतक ने आईसीयू के बेड नंबर पांच पर मीठी मुस्कान वाली तस्वीर भी पोस्ट की है। जिसे हम अपने पाठकों के साथ उनके कला बिरादरी के साथियों, उन्हें चाहने वाले और शुभचिंतकों के लिए भी शेयर कर रहे हैं।
आईसीयू से सीसीयू बेड नंबर पांच पर शिफ्ट
बता दें कि 71 वर्षीय तीजन बाई को तबीयत खराब होने पर बीएसपी के पंडित जवाहर लाल नेहरू चिकित्सालय एवं अनुसंधान केंद्र सेक्टर-09 में भर्ती कराया गया। जहां उनकी क्रिटिकल पोजीशन को देखते हुए उसे आईसीयू में रखा गया था। स्वास्थ्य में सुधार होने पर रविवार को उन्हें आईसीयू से निकालकर सीसीयू बेड नंबर पांच पर शिफ्ट किया गया है। उन्होंने रविवार की शाम अपने परिजन छोटी बहन रंभा, बेटे दिलहरण व दामाद के साथ अन्य परिजन से बातचीत की। परिजन की मानें तो कल सोमवार को डॉक्टरों ने छुट्टी देने की बात भी कही है।
पंडवानी लोक गीत-नाट्य शैली की पहली महिला कलाकार
दुर्ग जिले के पाटन ब्लॉक के गनियारी गांव में जन्मी तीजनबाई छत्तीसगढ़ राज्य के पंडवानी लोक गीत-नाट्य शैली की पहली महिला कलाकार हैं। उनके पिता का नाम हुनुकलाल परधी और माता का नाम सुखवती था। तीजनबाई ने न सिर्फ छत्तीसगढ़ सहित भारत में बल्कि देश-विदेश में अपनी कला का प्रदर्शन कर वाहवाही लूटी है। तीजनबाई की कला साध्रा को देखते हुए बिलासपुर विश्वविद्यालय द्वारा डी लिट की मानद उपाधि से सम्मानित किया गया है।
1988 में पद्मश्री और 2003 में पद्म भूषण मिला
प्रख्यात पंडवानी गायिका तीजनबाई को वर्ष 1988 में भारत सरकार द्वारा पद्मश्री और 2003 में कला के क्षेत्र में पद्म भूषण से अलंकृत किया गया। उन्हें 1995 में संगीत नाटक अकादमी पुरस्कार तथा 2007 में नृत्य शिरोमणि से भी सम्मानित किया जा चुका है।
Updated on:
10 Jun 2018, 10:46 PM IST
Published on:
10 Jun 2018, 10:46 PM IST
Copyright © 2026 Patrika Group. All Rights Reserved.