
कस्बे के दी सेंट्रल को-ऑपरेटिव बैंक में पैसे जमा कराने आए ग्राम सहकारी समिति के सहायक व्यवस्थापक का 5 लाख रुपए से भरा बैग बुधवार दिनदहाड़े बैंक मैनेजर के कमरे से पार हो गया। वारदात से बैंक में हड़कम्प मच गया। आसींद पुलिस ने बैक पहुंच सीसी कैमरे खंगाले। फुटेज में तीन संदिग्ध बालक दिख रहे हैं। इनको आसपास तलाशा भी लेकिन पता नहीं चल पाया।
हैड कांस्टेबल नरेश कुमार सुखवाल ने बताया कि कांवलास ग्राम सेवा सहकारी समिति के सहायक व्यवस्थापक (जीएसएस) सांवरा गुर्जर 5 लाख 7 हजार रुपए लेकर बैंक पहुंचे। बैंक मैनेजर चन्द्रसिंह चौधरी के कक्ष में गए, जहां ऋण की राशि और आने की बात कहकर बैग मैनेजर की कुर्सी के पीछे रख दिए।
इसके बाद गुर्जर निकट ही जीएसएस अध्यक्षों की बैठक में चले गए। इस बीच चौधरी भी किसी काम से लोन शाखा में चले गए। पीछे से कोई नकदी से भरा बैग ले गया। चौधरी कुछ देर बाद लौटे और काम में लग गए।
एक घंटे बाद लौटे तो बैग गायब
करीब एक घंटे बाद गुर्जर मैनेजर कक्ष में लौटे तो बैग गायब मिला। चैम्बर और परिसर में बैग तलाशा लेकिन नहीं मिलने पर आसींद पुलिस को सूचना दी। पुलिस उपाधीक्षक रामसिंह चौधरी और थानाप्रभारी राजकुमार नायक पहुंचे।
रैकी कर रहा था...
पुलिस का मानना है कि कोई बैंक में ही सांवरा गुर्जर पर नजर रखे था। पुलिस ने बैंक के सीसी कैमरे खंगाले तो तीन बालकों की गतिविधियां संदिग्ध दिखी। पुलिस का मानना है कि बालकों के साथ उनकी मां भी मौजूद थी। पुलिस ने बच्चों पर शक की सुई केन्द्रित कर उनकी तलाश शुरू कर दी। आसपास नाकाबंदी भी कराई, लेकिन संदिग्धों का पता नहीं लगा।
Published on:
17 May 2017 10:06 pm
बड़ी खबरें
View Allट्रेंडिंग
