25 अक्टूबर 2026,

रविवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

पुलिस कस्टडी से लापता व्यापारी मामले में नया मोड़, दौसा जिले में पहाड़ी पर मिला कंकाल,  परिजनों का इनकार

दयपुरिया के खनिज व्यवसायी रामप्रसाद कंडारा (28) पुत्र देवी लाल के डेढ़ माह पूर्व लापता होने के मामले में नया मोड़
2 min read
Follow Patrika on Google News
Google source verification

भीलवाड़ा

•

image

Tej Narayan Sharma

•

Updated: 7 Jul 2018, 9:13 AM IST

New turn in case of missing trader in bhilwara

New turn in case of missing trader in bhilwara

भीलवाड़ा।

बिजौलियां के उदयपुरिया के खनिज व्यवसायी रामप्रसाद कंडारा (28) पुत्र देवी लाल के डेढ़ माह पूर्व लापता होने के मामले में नया मोड़ आ गया है। दौसा पुलिस को जिले के बालाहेड़ी पुलिस चौकी क्षेत्र में पहाड़ी पर कंकाल मिला है। पुलिस कपड़ों के आधार पर कंकाल रामप्रसाद का होने का दावा कर रही है। वहीं लापता व्यवसायी के भाई ने कहा, यह कंकाल उसके भाई का नहीं है।

जानकारी के अनुसार गुरुवार शाम चारावाहों ने दौसा के बालाहेड़ी चौकी के पांच किमी के दायरे में पहाड़ी पर कंकाल की सूचना दी। पुलिस पीपलखेड़ा पहुंची, पर अंधेरेे के कारण कंकाल तक नहीं पहुंच पाई। शुक्रवार सुबह ग्रामीणों की मदद से पहाड़ी से कंकाल बरामद किया। दौसा पुलिस उपाधीक्षक राजेन्द्रसिंह शेखावत ने बताया, एसएफ एल व डाग स्कायर्ड बुला साक्ष्य जुटाए। डीएनए जांच के बाद पुष्टि हो पाएगी। कंकाल क्षत विक्षप्त है। उसे पहचानना मुश्किल है। न्होंने बताया, 29 मई को बालाहेड़ी चौकी से गायब युवक के कपड़े व कंकाल के पास मिले कपड़ों को मैच कराया। कंकाल बिजौलियां थाना के उदयपुरिया के रामप्रसाद का होने का अनुमान है। पुलिस ने परिजनों को सूचना दी है।

सामान चौकी पर ही छोड़ गया

युवक के भाई सत्यनारायण ने बताया कि रामप्रसाद २६ मई को आगरा के लिए दोस्तों के साथ रवाना हुआ। 29 मई को सुबह महुवा थाने से फ ोन आया कि रामप्रसाद को पकड़ा रखा है। उसे छुड़ा ले जाओ। उसे लेने बालाहेड़ी चौकी पहुंचे तो पुलिस ने उसके कपड़े एक थैला, 38०० रुपए नकदी तथा मोबाइल थमा दिए व रामप्रसाद के वहां नहीं होने की जानकारी दी। युवक के परिजनों ने उच्च न्यायालय जयपुर में पुलिस के खिलाफ बंदी प्रत्यक्षीकरण रिट लगाई।

पुलिस कहानी को बताया मनगढंत

सत्यनारायण का कहना है, पुलिस ने शुक्रवार को लापता रामप्रसाद का कंकाल पहाड़ी पर मिलने की सूचना दी। वो मौके पर पहुंचे, जहां कंकाल बरामद होना बताया है वो बालाहेड़ी चौकी के पांच किमी में आता है। इसी चौकी से रामप्रसाद के फरार होने की कहानी पुलिस बता रही है। यहां मिले कपड़ांे में एक साफ शर्ट है। कपड़ों से कंकाल रामप्रसाद का नहीं लगता है। पुलिस मनगढंत कहानी बता रही है। वास्तविकता कुछ और है। उन्होंने डीएनए व अन्य फोरेसिंक जांच के जरिए कंकाल के पहचान की मांग की है। उसका भाई विवाहित है और दो संतान है।

ट्रोले चालक से विवाद पर पकड़ा
उधर, तत्कालीन चौकी प्रभारी दौलत सिंह ने बताया कि युवक की मानसिक स्थिति ठीक नहीं थी। वह एक ट्रोला चालक से विवाद कर रहा था। उसे पुलिस चौकी ले आई और परिजनों को सूचना दे दी गई थी। 29 मई को गुर्जर आंदोलन में शहीद लोगों को श्रद्धांजलि कार्यक्रम था, पुलिसकर्मी उसमें व्यस्त थे और वह पीछे से कहीं चला गया।

बड़ी खबरें

View All

भीलवाड़ा

राजस्थान न्यूज़

ट्रेंडिंग