27 जुलाई 2026,

सोमवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

भीलवाड़ा के सात युवाओं ने आरएएस में मारी बाजी

आकांक्षा बनी जिले की टॉपर, गुमान सिंह शक्तावत, सुरभि जैन, शिवलाल कुमावत सहित सात का हुआ चयन सफलता की कहानी में झलकी संघर्ष और लगन की मिसाल
2 min read
Google source verification
Seven youths from Bhilwara have emerged victorious in the RAS exam.

Seven youths from Bhilwara have emerged victorious in the RAS exam.

राजस्थान लोक सेवा आयोग की ओर से घोषित राजस्थान राज्य एवं अधीनस्थ सेवाएं संयुक्त प्रतियोगी परीक्षा 2023 के फाइनल परिणाम में भीलवाड़ा जिले के सात प्रतिभाशाली युवाओं ने सफलता का परचम लहराया है। चयनितों में आकांक्षा व्यास, गुमान सिंह शक्तावत, शिवलाल कुमावत, सुरभि जैन, गोविंद सुखवाल, अमन सोलंकी और पवन कुमार शामिल हैं।

जिले की टॉपर आकांक्षा ने हासिल की 56वीं रैंक

सुखाडि़या नगर निवासी आकांक्षा व्यास ने जिले में सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करते हुए 56वीं रैंक हासिल की है। आकांक्षा व्यास, लांबियाकला के राउमावि के वाइस प्रिंसिपल सतीश व्यास और जिला कलक्टर कार्यालय में विधि शाखा में कार्यरत आशा शर्मा की पुत्री हैं। उन्होंने बताया कि यह सफलता निरंतर मेहनत और आत्मविश्वास का परिणाम है। वह वर्तमान में भीलवाड़ा सहकारिता विभाग में कॉपरेटिव इंस्पेक्टर के पद पर कार्यरत हैं।

गुमानसिंह शक्तावत बने नवलपुरा के पहले आरएएस अधिकारी

मांडलगढ़ के नवलपुरा निवासी गुमानसिंह शक्तावत ने इस परीक्षा में 263वीं रैंक हासिल की। वर्तमान में वे जीएसटी इंस्पेक्टर के पद पर सूरत में कार्यरत हैं। उनके पिता सांवत सिंह कृषक, भाई पर्वत सिंह वकील, तथा कैलाश सिंह एडीएम ऑफिस भीलवाड़ा में पदस्थ हैं।

संघर्ष से मिली सफलता: शिवलाल कुमावत की कहानी

रायला क्षेत्र के उदलपुरा निवासी शिवलाल कुमावत ने पांच वर्षों की सतत तैयारी के बाद सफलता हासिल की है। उनके पिता कन्हैयालाल कुमावत कृषक हैं। वर्तमान में शिवलाल ग्राम विकास अधिकारी (वीडीओ) के रूप में कार्यरत हैं।

सुरभि जैन ने पिता के सपनों को किया पूरा

शास्त्रीनगर निवासी सुरभि जैन ने 301वीं रैंक हासिल की है। पिता भागचंद जैन का 2011 में निधन हो गया था, लेकिन भाई ने उन्हें पढ़ाई जारी रखने की प्रेरणा दी। माता मैनादेवी जैन गृहिणी हैं और सुरभि की सफलता में उनका अहम योगदान रहा।

गोविंद सुखवाल ने दिलाई अनुसूचित जाति वर्ग में पहचान

आजादनगर निवासी गोविंद सुखवाल ने 319वीं रैंक हासिल की है। उनके पिता भगवान स्वरूप सुखवाल निजी चिकित्सालय में प्रबंधक हैं, जबकि माता कोमल देवी सुखवाल गृहिणी हैं।

अमन सोलंकी और पवन कुमार भी सफल सूची में शामिल

मंगरोप निवासी अमन सोलंकी और गंगापुर के पवन कुमार ने भी आरएएस परीक्षा में सफलता प्राप्त की है। दोनों ने अपनी सफलता का श्रेय परिवार के सहयोग और मार्गदर्शन को दिया है। इन सभी ने शिक्षक कमलजित सिंह राणावत से मार्गदर्शन लिया है।