
Three medical stores opened on the same day as the inspection order in the consumer store.
भीलवाड़ा सहकारी उपभोक्ता होलसेल भंडार भीलवाड़ा में अनियमितताओं की जांच के आदेश जारी होने के दिन ही तीन नए मेडिकल स्टोर खोलने और तीन जनों की नियुक्त किए जाने से नया विवाद खड़ा हो गया है। आरोप है कि नियुक्तियां राजनीतिक दबाव में की गईं। वहीं मेडिकल स्टोर की दवाओं के लिए बनाए गए गोदाम में बरसात का पानी भरने से भंडार की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठ रहे हैं।
जांच के आदेश और उसी दिन नियुक्ति
अजमेर स्थित अतिरिक्त रजिस्ट्रार सहकारी समितियों ने 27 अगस्त को उपभोक्ता भंडार में पिछले पांच वर्षों के दौरान हुई अनियमितताओं की जांच के आदेश दिए। इसके लिए सेंट्रल कॉ-ऑपरेटिव बैंक लिमिटेड के अतिरिक्त अधिशाषी अधिकारी आशुतोष मेहता और भीलवाड़ा क्रय-विक्रय सहकारी समिति लिमिटेड के सहायक रजिस्ट्रार भंवरसिंह राठौड़ को जांच अधिकारी नियुक्त किया गया। इसी दिन भंडार ने तीन मेडिकल स्टोर खोले और उनके संचालन के लिए तीन संविदा कर्मचारियों को नियुक्ति पत्र जारी किए।
कहां खुले नए मेडिकल स्टोर
लव गार्डन रोड, मजदूर चौराहा पर उमंग कुमार, कृष्णा हॉस्पिटल के पास पर वैभव शर्मा तथा शाहपुरा बस स्टैंड के पास दिनेश कुमार जाट को मेडिकल स्टोर के संचालन के लिए नियुक्ति पत्र जारी किया था। इन स्टोर के खुलने से जिले में कुल 21 मेडिकल स्टोर और 1 आयुर्वेदिक स्टोर हो गए हैं।
गोदाम में बरसात का पानी, स्टॉक पर संकट
सेवा सदन मार्ग स्थित मेडिकल स्टोर का गोदाम बेसमेंट में होने से बरसात के दौरान पानी से भर गया। गोदाम में करीब 7 लाख रुपए से अधिक की दवाओं का स्टॉक पड़ा है। शिकायतकर्ताओं का कहना है कि इससे भंडार को आर्थिक नुकसान हुआ है। जबकि जीएम राजेन्द्रसिंह पंवार ने दावा किया कि पानी जरूर आया था, लेकिन किसी तरह का नुकसान नहीं हुआ।
बोर्ड बैठक का हवाला
भंडार प्रबंधक राजेन्द्रसिंह पंवार का कहना है कि नियुक्तियां नियमों के अनुसार हुई हैं। 5 जून 2025 को हुई बोर्ड बैठक में जिले के उपभोक्ताओं को राहत देने के लिए मेडिकल स्टोर और सुपरमार्केट खोलने का निर्णय किया गया था। इसी के आधार पर तीन नई दुकानों को खोला गया और संविदा पर तीन जनों को नियुक्त किया गया।
Published on:
19 Sept 2025 08:50 am
