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सरकारी स्कूलों में बदलेगा पढ़ाने का तरीका, भोपाल में ’25 हजार’ टीचर्स की होगी ट्रेनिंग

Teachers Training: एमपी में 25 हजार टीचर्स को ट्रेनिंग देने की योजना बनाई जा रही है। एआइ आधारित शिक्षण भी दिया जाएगा।
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Government schools MP: 25 हजार टीचर्स को ट्रेनिंग दी जाएगी (Photo Source - Patrika)

Government schools MP: 25 हजार टीचर्स को ट्रेनिंग दी जाएगी (Photo Source - Patrika)

Government schools MP: मध्यप्रदेश के सरकारी स्कूलों में कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआइ) आधारित शिक्षण को बढ़ावा देने के लिए चालिवेट फॉर एजुकेटर्सज् कार्यक्रम की शुरुआत की गई है। इस पहल में डी पेडागोगिक्स को ज्ञान एवं प्रशिक्षण साझेदार बनाया गया है। कार्यक्रम का उद्देश्य शिक्षकों और विद्यार्थियों को भविष्य की डिजिटल जरूरतों के अनुरूप तैयार करना तथा शिक्षा में तकनीक के प्रभावी उपयोग को बढ़ावा देना है।

25 हजार शिक्षकों को प्रशिक्षित करने की योजना

जनजातीय कार्य विभाग के सहयोग से शुरू की गई यह पहल फिलहाल खरगोन, बैतूल, मंडला, अनूपपुर और छिंदवाड़ा जैसे जनजातीय जिलों में लागू की जा रही है। भोपाल में आयोजित प्रशिक्षण कार्यक्रम में संदीपिनी स्कूल, पीएमश्री स्कूल और कन्या शिक्षा परिषद के 90 शिक्षकों को एआइ आधारित शिक्षण का प्रशिक्षण दिया जा रहा है। पिरामल फाउंडेशन और माइ‌क्रोसॉफ्ट इन शिक्षकों मास्टर फैसिलिटेटर के रूप में तैयार करेगा। प्रदेशभर में लगभग 25 हजार शिक्षकों को प्रशिक्षित करने की योजना है।

जिलों में होंगे 90 एआइ शोकेस स्कूल

कार्यक्रम के तहत चयनित जिलों में 90 से अधिक एआइ शोकेस स्कूल स्थापित होंगे। शिक्षकों के लिए 36 घंटे का प्रमाणित व्यावसायिक विकास कार्यक्रम तैयार किया है, जिसमें एआइ टूल्स का शैक्षिक उपयोग, 21वीं सदी की शिक्षा, माइक्रो-क्रेडेंशियल आधारित प्रमाणन और सहयोगात्मक शिक्षण को शामिल किया गया है।

विद्यार्थियों के लिए फ्लुएंसी मॉड्यूल भी

छात्रों के लिए भी एआइ फ्लुएंसी मॉड्यूल विकसित किया है, जिससे वे डिजिटल समस्या समाधान, एआइ के व्यावहारिक उपयोग और इसके सुरक्षित एवं जिम्मेदार इस्तेमाल को समझ सकेंगे। इस पहल को शिक्षा प्रणाली में में दीर्घकालिक निर्माण और तकनीक के समावेशी उपयोग में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।

यह पहल सरकारी स्कूलों में डिजिटल शिक्षा की गुणवत्ता बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी। प्रशिक्षण में शिक्षकों को कॉपिटॉल ऐप के उपयोग की जानकारी दे रहे हैं, जिससे वे लेसन प्लान, प्रेजेंटेशन और वर्कशीट तेजी से तैयार कर सकेंगे तथा शिक्षण प्रक्रिया को अधिक प्रभावी बना सकेंगे। - तरुण राठी, आयुक्त जनजातीय कार्य विभाग

स्कूल शिक्षा विभाग में नई नियुक्तियां

जानकारी के लिए बता दें कि समग्र शिक्षा अभियान मिशन के अंतर्गत शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए विकासखंड अकादमिक समन्वयक और जन शिक्षक के पदों पर नियुक्ति की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। राज्य शिक्षा केंद्र ने प्रदेश के सभी कलेक्टरों को 20 सितंबर 2026 तक नियुक्ति प्रक्रिया पूरी करने के निर्देश जारी किए हैं। निर्देशों के अनुसार, प्रत्येक विकासखंड स्रोत केंद्र कार्यालय में विकासखंड अकादमिक समन्वयक के पांच पद भरे जाएंगे। वहीं, प्रत्येक 21 विद्यालयों पर एक जनशिक्षा केंद्र के मान से प्रति जनशिक्षा केंद्र में 2 जन शिक्षकों की नियुक्ति की जाएगी।