
दिग्विजय को आशंका- मुझे भी आतंकी घोषित कर देंगे, अमित शाह ने सदन में दिया ऐसा जवाब
भोपाल. मध्यप्रदेश के पूर्व सीएम दिग्विजय सिंह ( Digvijaya Singh ) ने राज्यसभा में आतंकवाद के खिलाफ UAPA संशोधन बिल पर चर्चा करते हुए भाजपा पर हमला बोला। इस दौरान दिग्विजय सिंह ने कहा हमें बिल से कोई आपत्ति नहीं है हम बिल का विरोध इसलिए कर रहे हैं कि हमें भाजपा की नीयत पर शक है। कांग्रेस की सरकार ने आतंकवाद ( terrorism ) से कभी समझौता नहीं किया लेकिन भाजपा ने दो बार आंतक से समझौता किया है। इस दौरान दिग्विजय सिंह ने कहा कि मुझे भी 'आंतकी' घोषित कर दिया जाएगा। दिग्विजय के इस सवाल का गृहमंत्री अमित शाह ( Amit Shah ) ने सदन में जबाव दिया।
मेरा फोन नंबर राज्यसभा की बेबसाइट पर?
दिग्विजय सिंह ने कहा- कोरागांव की घटना में मेरा नाम भी शामिल किया गया था। कहा गया कि कोरागांव घटना में पकड़े गए लोगों के पास के मेरा फोन नंबर मिला है, जबकि मेरा नंबर राज्यसभा की बेबसाइट पर पड़ा हुआ है। ऐसे में भाजपा की नीयत में हमें शक है। इस दौरान दिग्विजय सिंह ने आशंका जताई कि बिल का दुरुपयोग कर उन्हें 'आतंकी' घोषित कर दिया जाएगा। इस दौरान दिग्विजय सिंह ने आतंकवाद से जुड़े तीन मामलों (समझौता एक्सप्रेस विस्फोट, मक्का मस्जिद विस्फोट और अजमेर शरीफ विस्फोट) में एनआईए ( NIA ) की जांच के बाद आरोपियों के बरी होने का जिक्र करते हुये सरकार पर निशाना साधा।
गृहमंत्री ने दिया जबाव
दिग्विजय सिंह की आशंका पर गृहमंत्री अमित शाह ने जबाव दिया। अमित शाह ने कहा- दिग्विजय सिंह जी कह रहे हैं कि मुझे ही आतंकी घोषित कर दो। आपका गुस्सा जायज है, वे क्योंकि अभी-अभी चुनाव हारे हैं। लेकिन मैं भरोसा दिलाता हूं कि आप कुछ नहीं करोगे तो कुछ नहीं होगा।
हम आंतकवाद के खिलाफ
इस दौरान गृह मंत्री ने कहा, इमरजेंसी के दौरान क्या हुआ था? मीडिया पर पूरी तरह प्रतिबंध लगा दिया और विपक्ष के सभी नेताओं को जेल में डाल दिया था।देश में लोकतंत्र को खत्म कर दिया गया और अब आप (कांग्रेस) हम पर कानून के दुरुपयोग का आरोप लगा रहे हैं। कृपया अपना इतिहास भी देख लीजिए। अमित शाह ने कहा- जब हम विपक्ष में थे तो 2004, 2008 और 2013 में हमने यूपीए सरकार के यूएपीए बिल को समर्थन दिया था। क्योंकि हमें लगता था कि आतंकवाद से लड़ने के लिए यह जरूरी था।
Updated on:
3 Aug 2019, 9:09 AM IST
Published on:
3 Aug 2019, 8:59 AM IST
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