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दो महानगरों को 50 किमी पास कर देगा नया रेलवे ट्रेक, पूरा हुआ 80 प्रतिशत काम

Bhopal Ramganj Mandi Railway Line एक नया ट्रेक बनाया जा रहा है जोकि देश के दो महानगरों की बीच की दूरी भी घटा देगा।

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Bhopal Ramganj Mandi Railway Line Bhopal Kota Trains

Bhopal Ramganj Mandi Railway Line Bhopal Kota Trains

Bhopal Ramganj Mandi Railway Line Bhopal Kota Trains एमपी से राजस्थान का सफर जल्द ही और आसान हो जाएगा। इन दोनों राज्यों को जोड़ने के लिए एक नया ट्रेक बनाया जा रहा है जोकि देश के दो महानगरों की बीच की दूरी भी घटा देगा। भोपाल रामगंज मंडी रेल ट्रेक से यह संभव हो सकेगा जिसका झरखेड़ा तक 80 प्रतिशत से ज्यादा काम पूरा हो चुका है। बताया जा रहा है कि साल के अंत तक भोपाल-रामगंज मंडी रेल ट्रेक पूरा हो जाएगा।

भोपाल-रामगंज मंडी रेल लाइन बनने के साथ ही एमपी की राजधानी भोपाल से राजस्थान के कोटा की दूरी कम हो जाएगी। नए ट्रेक से भोपाल से सीहोर और राजगढ़ होते हुए ट्रेन राजस्थान के कोटा व झालावाड़ जिले तक पहुंचेगी। रामगंजमंडी रेलवे लाइन से दो महानगरों भोपाल और कोटा के बीच की दूरी करीब 50 किमी तक घट जाएगी।

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भोपाल रामगंज मंडी रेलवे लाइन के लिए लालघाटी से भोपाल स्टेशन के बीच लाइन बिछाने एवं सिविल कंस्ट्रक्शन का काम भोपाल रेल मंडल कर रहा है। इस लाइन के बन जाने से राजस्थान और मध्यप्रदेश के बीच ट्रेन का एक अतिरिक्त रूट भी तैयार हो सकेगा।

भोपाल से रामगंज मंडी के बीच सीधा रूट नहीं होने से ट्रेन लंबे रास्ते से होकर राजस्थान के स्टेशनों तक पहुंचती हैं।
प्रोजेक्ट की शुरुआत वर्ष 2001 में एनडीए सरकार के दौरान रखी गई थी लेकिन इसके बाद कई सालों तक यह प्रोजेक्ट अटका रहा।

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भोपाल रामगंजमंडी नए रेलमार्ग से ट्रेन झालावाड़ होते हुए सिंगल इलेक्ट्रिक ट्रैक पर दौड़ेंगी। नई रेलवे लाइन से ट्रेनें झालावाड़ से झालरापाटन, असनावर, जूनाखेड़ा, अकलेरा, घाटोली से होकर मप्र के भोजपुर, खिलचीपुर, राजगढ़, ब्यावरा, नरसिंहगढ़, बैरागढ़ और भोपाल आएंगी।

इस रेलमार्ग से 5 जिलों को सीधा लाभ होगा। इनमें मध्य प्रदेश के भोपाल, सीहोर, राजगढ़ जिले और राजस्थान के कोटा व झालावाड़ जिले शामिल हैं। रामगंजमंडी रेल मार्ग भोपाल से कोटा तक का सफर आसान बना देगा। इस रेल मार्ग से भोपाल से कोटा तक यात्रा का सीधा रास्ता खुलेगा। समय में खासी बचत होगी।

झरखेड़ा तक 80 प्रतिशत काम पूरा
भोपाल रामगंजमंडी के 276 किमी लंबे रेल मार्ग में 114 किमी का काम पूरा हो गया है। संत हिरदाराम नगर से श्यामपुर कुरावर तक 46.5 किमी रेल लाइन बिछाने का काम चल रहा है। कुरावर से ब्यावरा और राजगढ़ के बीच 76 किमी तक रेल लाइन बिछाई जानी है। झरखेड़ा तक 80 प्रतिशत काम पूरा हो चुका है।

भोपाल रामगंजमंडी रेलमार्ग का निर्माण कार्य दोनों राज्यों में चल रहा है पर राजस्थान में इसकी गति अनुपातिक रूप से तेज है। राजस्थान में तीसरे और अंतिम चरण के अंतर्गत नयागांव रेलवे स्टेशन के बाद करीब 24 किलोमीटर में रेल लाइन बिछाने का काम बचा है। इधर भोपाल की ओर से भी रेल लाइन बिछाई जा रही है।

रेलवे अधिकारियों के अनुसार भोपाल रामगंजमंडी रेल लाइन 276.50 किमी लंबी है। इसमें से राजस्थान की सीमा में करीब 128 किमी में और एमपी में शेष 148.50 किमी रेललाइन बिछाई जानी है। राजस्थान में रामगंजमंडी से झालावाड़ सिटी और अकलेरा, घाटोली होते हुए नयागांव तक का काम पूरा हो चुका है। घाटोली से नयागांव ट्रेन के संचालन का जायजा भी लिया जा चुका है।