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अपना ओटीपी, बैंक से जुड़ी जानकारी किसी से शेयर न करें, UPI भुगतान में रखें सावधानी

patrika raksha kavach: पत्रिका की ओर से तेजी से बढ़ रहे साइबर क्राइम के खिलाफ पत्रिका रक्षाकवच अभियान चलाया जा रहा है। इस अभियान से लोग भी जुडऩे लगे हैं।

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भोपाल

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Manish Geete

Dec 04, 2024

patrika raksha kavach

patrika raksha kavach: आजकल साइबर अपराध तेजी से बढ़ रहे हैं, जो वर्तमान में सबसे बड़ी चुनौती बना हुआ है। साइबर धोखाधड़ी का शिकार सबसे अधिक बुजुर्ग हो रहे हैं। पत्रिका की ओर से तेजी से बढ़ रहे साइबर क्राइम के खिलाफ पत्रिका रक्षाकवच अभियान चलाया जा रहा है। इस अभियान से लोग भी जुडऩे लगे हैं।

मंगलवार को गुलमोहर शाहपुरा नृसिंह टेकरी हनुमान मंदिर में साइबर अपराधों से बचाव को लेकर एक सेमीनार का आयोजन किया। इसमें वरिष्ठजनों से तेजी से बढ़ रहे साइबर अपराध और उससे बचाव के तरीकों के बारे में बताया।

साइबर अपराध के तरीके बताए

सेमीनार में अभा कायस्थ महासभा के राष्ट्रीय युवा अध्यक्ष और कात्यायनी टेलीकॉम के वेदआशीष श्रीवास्तव ने साइबर अपराधों के तरीकों के बारे में जानकारी दी। उन्होंने बताया कि अपराधी अलग- अलग तरीकों से लोगों को ठगने का प्रयास कर रहे हैं।

एक सामान्य तरीका यह है कि वे फोन करके खुद को पुलिस अधिकारी बताकर कहते हैं, ''आपका बेटा पुलिस मामले में फंस गया है, उसे बचाने के लिए तुरंत पैसे भेजें।'' डर के कारण कई लोग सच्चाई जांचे पैसे ट्रांसफर कर देते हैं। साथ ही अपराधी ओटीपी मांगते हैं अथवा नकली रिफंड के नाम पर बैंक खाते की जानकारी लेते हैं। ऐसे मामलों में जरूरी है कि किसी भी कॉल की सच्चाई की पुष्टि करे, बैंक की जानकारी न दें, अनजान लिंक या ऐप डाउनलोड न करे और डर में आकर पैसा ट्रांसफर न करे। सतर्क रहना और पहले पूरी जानकारी जुटाना ही साइबर अपराध से बचने का सबसे अच्छा उपाय है।

पत्रिका को दिया धन्यवाद, जागरुकता का लिया संकल्प

इस मौके पर वरिष्ठजनों ने पत्रिका को धन्यवाद दिया, साथ ही सभी ने संकल्प लिया कि वे साइबर क्राइम को लेकर सर्तक रहेंगे और दूसरों को भी जागरुक करेंगे। घर परिवार, समाज में भी लोगों को जागरुक करने का काम करेंगे। इस मौके पर टीपी वैद्य, आरडी साहू, एसके वर्मा, पीएस रेकी, डॉ प्रमोद राठौर, सीपी यादव, वायएस बेले, एसपी वर्मा, केपी जैसवाल, किरण गोयल सहित अनेक वरिष्ठजन मौजूद थे।

पत्रिका का जागरुकता कार्यक्रम सराहनीय आजकल जिस तेजी से साइबर अपराध बढ़ रहा है, इस पर अंकुश लगना जरूरी है। कई बार हम नहीं चाहते हुए भी कई अनजान कॉल उठा लेते हैं, पत्रिका इस दिशा में जो जागरुकता ला रहा है, समाज को उससे लाभ होगा। हम भी सुरक्षा का पूरा ख्याल रखेंगे।
-शिवराम सिंह चौहान, नृसिंह टेकरी, हनुमान मंदिर

ओपन नहीं की लिंक

वाहन के चालान को लेकर रात में एक बजे मैसेज आया था, जिसमें लिंक दी गई थी, लेकिन जिस तरह से आजकल फर्जी तरीके से कॉल और मैसेज आ रहे हैं और पत्रिका में भी इसे लेकर जागरुक किया जा रहा है, इसलिए हमने लिंक को ओपन नहीं किया। इसकी सच्चाई पता कर रहे हैं।
-जीडी गुप्ता

बचाव जरूरी

पत्रिका ने जो मुद्दा उठाया है, वह वर्तमान समय में समाज के लिए सबसे ज्यादा जरूरी है। आजकल जिस तरह से साइबर फ्राड हो रहे है, उससे बचाव जरूरी है। इस संबंध में हम घर परिवार के लोगों को भी बता रहे हैं, ताकि जाने अनजाने कोई साइबर फ्राड का शिकार न हो।
एसके वर्मा

छुट्टी के दिन भी आई काल

विगत 15 अगस्त को मेरे पास एक फर्जी कॉल आया था जिसमें कहां गया कि आपका अकाउंट बंद हो गया है और ओटीपी मांग रहे थे, तब मुझे अचानक ख्याल आया कि आज तो राष्ट्रीय अवकाश है। इसके बाद कॉल करने वाले को खूब खरी खोटी सुनाई।
-भारतभूषण पचौरी