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विधायक बोले- पानी नहीं आ रहा तो पहले छात्रों से बात करें, प्रबंधन ने कहा- इसकी जरूरत नहीं

विधानसभा की प्राक्कलन समिति के सदस्य बुधवार को स्वास्थ्य व्यवस्था देखने गांधी मेडिकल कॉलेज पहुंचे।
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भोपाल

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Pradeep Kumar Sharma

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Updated: 23 Sep 2021, 1:04 AM IST

विधायक बोले- पानी नहीं आ रहा तो पहले छात्रों से बात करें, प्रबंधन ने कहा- इसकी जरूरत नहीं

विधायक बोले- पानी नहीं आ रहा तो पहले छात्रों से बात करें, प्रबंधन ने कहा- इसकी जरूरत नहीं

भोपाल. विधानसभा की प्राक्कलन समिति के सदस्य बुधवार को स्वास्थ्य व्यवस्था देखने गांधी मेडिकल कॉलेज पहुंचे। समिति ने पूछा- सुना है हॉस्टल में पानी नहीं है। चलो पहले छात्रों से बात कर उनकी समस्या सुन लें। इस पर कलेक्टर अविनाश लवानिया और डीन डॉ. जितेन शुक्ला ने कहा कि इसकी जरूरत नहीं, आइए हम हॉल में चलते हैं, छात्रों को यहीं बुला लेते हैं। समिति ने न वार्ड देखे न मरीजों का हाल जाना। प्रजेंटेशन देख निरीक्षण की कार्रवाई पूरी कर ली। वैसे तो किसी ने असरदार सवाल नहीं पूछा, जो सवाल पूछे प्रबंधन ने उसके जवाब भी गोलमाल दे दिए। समिति बुधवार को स्वास्थ्य, निगम और पीडब्ल्यूडी के कार्यों का निरीक्षण करने पहुंची। समिति में पूर्व मंत्री व विधायक रामपाल सिंह की अगुवाई में विधायक डॉ. हीरालाल अलावा, मनोज चौधरी, पीसी शर्मा, नीना वर्मा व सुदेश राय शामिल थे।

प्रस्ताव नहीं काम कितना हुआ
विधायक रामपाल सिंह ने नए अस्पताल की जानकारी मांगी तो पीआईयू इंजीनियर प्रोजेक्ट की जानकारी देने लगे। इस पर उन्होंने कहा कि प्रस्ताव नहीं कितना काम हुआ और देर क्यूं हुई ये बताएं। इंजीनियर सवालों का सटीक उत्तर नहीं दे सके। इस पर विधायक मनोज चौधरी ने कहा आप को पहले ही तय करना चाहिए कि किस काम में क्या क्या दिक्कतें आ सकती है। पहले ही उनका समाधान कर लें तो काम लेट नहीं होगा।

तो बोले अगली बार
चर्चा खत्म होने के बाद कांग्रेस विधायक हीरालाल अलावा ने कहा कि यहां तक आए हैं तो वार्ड का निरीक्षण भी कर ही लेते हैं। मरीजों से भी बात हो जाएगी। इस पर समिति के अध्यक्ष और भाजपा विधायक रामपाल सिंह ने मना कर दिया। उन्होंने कहा कि अभी देर हो रही है अगली बार आएंगे।

200 करोड़ रुपए का क्या माजरा है
विधायक पीसी शर्मा ने पूछा कि अखबारों में डॉक्टरों के एनपीएस के 200 करोड़ रुपए गायब होने की खबरें हैं, यह क्या मामला है। इस पर डीन ने बताया कि पैसा बतौर एफडी सुरक्षित है। प्रान जनरेट होने के बाद सभी के अकांउट में जाएंगे। 12:15 बजे समिति जेपी अस्पताल पहुंची। ओपीडी में मरीजों ने बताया कि 20 मिनट से लाइन में हैं। इस पर ओपीडी में टोकन सिस्टम शुरू कराने को कहा गया। ओपीडी के बाद समिति के सदस्य विधायकों ने करीब पौने घंटे तक जेपी अस्पताल और भोपाल जिले में स्वास्थ्य सेवाओं से जुड़ी जानकारियों का प्रजेंटेशन देखा। इसके बाद समिति ने काटजू अस्पताल पहुंचकर व्यवस्थाएं देखीं।

नहीं थे मौके पर वरिष्ठ अधिकारी, सदस्य लौटे
समिति शहर से जुड़े प्रोजेक्ट के निरीक्षण पर निकली। सदस्य स्मार्टसिटी के एबीडी एरिया पलाश होटल के सामने सरकारी आवासों का निरीक्षण करने पहुंचे, तो नाराज हो गए। यहां कोई वरिष्ठ अफसर नहीं था। निगमायुक्त केवीएस चौधरी व स्मार्टसिटी सीईओ थे। इसे देखकर वे कुछ नहीं बोले। समिति के सदस्यों ने कहा कि जब पीएस शहरी विकास आयुक्त स्तर के अफसर होंगे, तो वे निरीक्षण करने आएंगे। इसके चलते उन्होंने सुभाष ब्रिज के पास मेट्रो ट्रेन प्रोजेक्ट का निरीक्षण भी नहीं किया। वे रॉयल मार्केट में भी सड़क व ब्रिज का निरीक्षण करने नहीं पहुंचे। समिति के अध्यक्ष रामपाल सिंह के नेतृत्व में निरीक्षण हुआ।