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घर में लगा स्मार्ट मीटर जला तो देने होंगे ₹5500, सील टूटी तो 400, MP के उपभोक्ताओं पर बढ़ा बोझ

Smart meter burn charge: उपभोक्ताओं को ज्यादा महंगी पड़ रही बिजली कंपनी की नई व्यवस्था। भोपाल में स्मार्ट मीटर जला तो 5500 और सील खराब होने पर 400 रुपए तक वसूल रही कंपनी।
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भोपाल

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Akash Dewani

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Updated: 27 Oct 2026, 8:16 AM IST

smart meter burn charge 5500 rupees seal breaking charge

Smart Meter: घर में लगा स्मार्ट मीटर जला तो देने होंगे ₹5500 (फोटो सोर्स- Patrika)

Smart Meter: मध्य प्रदेश में स्मार्ट मीटर आमजन को महंगा पड़ रहा है। अनियमित वॉल्टेज या अन्य दिक्कत से मीटर जलने पर उपभोक्ता से 5500 रुपए तक बर्न चार्ज लिया जाता है, जबकि यदि मीटर को कहीं शिफ्ट करना हो और उसकी बाहरी सील टूट जाती है तो रीसिल शुल्क 400 रुपए है। जिले में अब तक चार लाख से अधिक स्मार्ट मीटर लग गए है। 60 हजार उपभोक्ता ऐसे हैं, जिनके यहां दो साल पहले ही ये मीटर लग चुके थे। ये बेहद संवेदनशील है और वॉल्टेज की गड़बड़ी या केबल फॉल्ट की वजह से इनके टर्मिनल जल जाते हैं। बाहर से मीटर चालू दिखता है, लेकिन इससे घर में वॉल्टेज की दिक्कत बन जाती है। शिकायत पर बिजली कंपनी ऐसे मामलों में बर्न चार्ज व सील टूटने पर रीसिल चार्ज भी लगाती है। यानी बैठे-बिठाए पांच हजार रुपए से छह हजार रुपए क का शुल्क देना पड़ता है। स्मार्ट मीटर स्थापना के बाद अब इस तरह के मामले आने लगे हैं।

ऐसे समझें स्थिति

भोपाल के राजहर्ष कॉलोनी के जीएस सोलंकी के मीटर में कुछ दिन पहले फॉल्ट हुआ था। केबल जलने से ये स्थिति बनी थी। हालांकि मीटर चलता रहा। हाल में मीटर में फिर गड़बड़ी आई। कंपनी को शिकायत की तो लाइन स्टफ ने जांचने के बाद पांच हजार रुपए शुल्क बता दिया। अचानक 5000 का खर्च आने से उपभोक्ता परेशान हो गए। एक्सपर्ट स्मृति आंजना का कहना है, अभी कुछ ही मामले सामने आ रहे हैं। तीन से चार साल बाद मीटर में गड़बड़ी शुरू होगी तो उपभोक्ताओं पर शुल्क का भार भी बढ़ेगा।

टैरिफ में जोड़े हैं 155 करोड़ रुपए

कंपनी की ओर से एक और कवायद की गई है। स्मार्ट मीटर को भले ही फ्री में लगाया गया हो, लेकिन टैरिफ दर से इसे जोड़ दिया गया है। मौजूदा टैरिफ में ही स्मार्ट मीट के नाम पर 155 करोड़ रुपए जोड़े गए हैं। यानी ये अब कंपनी का बिजली आपूर्ति खर्च बन गया है और इसे टैरिफ के माध्यम से वसूला जा रहा है। गौरतलब है कि स्मार्ट मीटर केंद्र की आइपीडीएस योजना के तहत लगाए गए हैं। इस साल आखिरकार भोपाल में सभी घरों में स्मार्ट मीटर स्थापित हो जाएंगे।