
भाजपा महासचिव कैलाश विजयवर्गीय और नेताओं में दर्ज केस में पुलिस ने की जांच शुरु
भाजपा के राष्ट्रीय महामंत्री कैलाश विजयवर्गीय इंदौर के आग लगा देने की धमकी के बाद रविवार को उनके बोल नीमच जिले के सिंगोली विधानसभा क्षेत्र में फिर बिगड़ गए। उन्होंने सीएम कमलनाथ एक्सीडेंट सीएम बताते हुए अफसरों को धमकी दी। उन्होंने कहा कि कमलनाथ सरकार जल्द ही गिर जाएगी तब कहां जाओगे। कैलाश ने कहा कि जो अफसर कांग्रेस कार्यकर्ता बनकर काम कर रहे हैं वे जान लें कि 'जब हमारी सरकार आएगी तो तेरा क्या होगा। वे यहीं नहीं रुके कांग्रेस कार्यकर्ताओं का भी निशाने पर लिया। बोले, जिनके पास पहले पंचर बनवाने के पैसे नहीं थे वे आज बुलेरो में घूम रहे हैं।
विजयवर्गीय ने सीएम कमलनाथ को चेतावनी देते हुए कहा कि भाजपा कार्यकर्ताओं ने चूडिय़ा नहीं पहन रखी है। माफिया के नाम पर यदि कार्यकर्ताओं को प्रताडि़त करना बंद नहीं किया गया तो ईंट से ईंट बजा देंगे। इधर, छिंदवाड़ा में मुख्यमंत्री कमलनाथ ने भाजपा नेताओं को आड़े हाथ लेते हुए कहा है कि वे खुद तय करें कि वे भाजपा के नेता रहना चाहते हैं या फिर माफियाओं के।
अफसरों के बयान के बाद बढ़ सकती है धाराएं
भाजपा महासचिव कैलाश विजयवर्गीय, सांसद और विधायकों पर दर्ज केस में पुलिस ने जांच शुरू की है। पुलिस केस दर्ज कराने वाले तहसीलदार और अन्य अधिकारियों की बयान लेगी। इस आधार पर कुछ और धाराएं बढ़ सकती हैं। जांच पूरी होने के बाद ही गिरफ्तारी पर कुछ कहा जा सकता है।
टीआई संयोगितागंज नरेंद्र सिंह रघुवंशी ने बताया, तहसीलदार राजेश कुमार सोनी, एडीएम बीएस ठाकुर व अन्य अफसरों के बयान लिए जाएंगे। मौके पर बनाए वीडियो जब्त किए जाएंगे। इसका परीक्षण किया जाएगा। फिलहाल जांच जारी है। इसके बाद ही गिरफ्तारी को लेकर स्थिति साफ होगी।
ज्ञात रहे, संयोगितागंज पुलिस ने तहसीलदार राजेश कुमार सोनी की रिपोर्ट पर भाजपा महासचिव कैलाश विजयवर्गीय, सांसद शंकर लालवानी, विधायक महेंद्र हार्डिया, रमेश मेंदोला, भाजपा नगर अध्यक्ष गोपीकृष्ण नेमा और 350 साथियों पर शनिवार रात धारा 506, 188, 143, 149 और 153 में केस दर्ज किया था।
Published on:
05 Jan 2020 08:31 pm
बड़ी खबरें
View Allभोपाल
मध्य प्रदेश न्यूज़
ट्रेंडिंग
