स्कूल जाने से पहले जान लें ये नियम, व्यवस्थाओंं को लेकर निर्देश जारी

राज्य शिक्षा केंद्र की ओर से ने दिशा निर्देश जारी किए गए हैं, जिसमें बताया गया है कि स्कूलों में किस तरह से कक्षाएं संचालित की जा सकेंगी।

By: Faiz

Updated: 19 Sep 2021, 06:55 PM IST

भोपाल. कोरोना काल के लंबे अंतराल के बाद सोमवार 20 सितंबर से मध्य प्रदेश के छोटे बच्चों के स्कूल एक बार फिर खुलने जा रहे है। इस संबंध में 9 सितंबर को मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान की अध्यक्षता में हुई बैठक में शासकीय और अशासकीय स्कूलों की कक्षाओं को दौबारा खोलने के संबंध में फैसला लिया गया था। हालांकि, कोरोना की तीसरी लहर का खतरा अभी बना हुआ है। इसी के चलते राज्य शिक्षा केंद्र की ओर से ने दिशा निर्देश जारी किए गए हैं, जिसमें बताया गया है कि स्कूलों में किस तरह से कक्षाएं संचालित की जा सकेंगी।

मध्य प्रदेश में स्कूल शिक्षा विभाग द्वारा 20 सितंबर सोमवार से कक्षा 1 से 12वीं तक की सभी शासकीय और गैर-शासकीय स्कूलों को खोलने का फैसला सुनाया है। इसके तहत विद्यार्थियों और शिक्षक एसओपी (SOP) एवं नियमों का अनिवार्य रूप से पालन करना होगा। इसके तहत 1 से लेकर 5वीं की प्राथमिक स्तर की कक्षाएं 50 फीसदी क्षमता के साथ खोलने की अनुमति दी गई है।

 

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अभिभावकों का सेहमति पत्र जरूरी

इसके साथ ही, जारी फैसले के अनुसार, विद्यालय और छात्रावास में अभिभावकों की सहमति पत्र के बिना छात्रों को उपस्थित नहीं दी जाएगी। जिलों में स्कूलों, छात्रावास और आवासीय विद्यालयों को खोले जाने के संबंध में जिला आपदा प्रबंधन समिति की सहमति ली जाएगी। विद्यालयों और छात्रावासों में भारत सरकार और राज्य स्तर पर समय-समय पर जारी SOP और नियमों का पालन कराना होगा। विद्यार्थियों की ऑनलाइन कक्षाएं पहले की ही तह संचालित रखनी होगी। इसमें उन छात्रों को पढ़ाना होगा, जो 50 फीसदी स्कूल न आए हों। साथ ही, वो छात्र भी जो किसी कारणवश स्कूल न आ सकें।

 

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राज्य शिक्षा केंद्र द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का करना होगा पालन

-कक्षा 1 और 2 के छात्रों की क्लास एक ही शिक्षक द्वारा पढ़ाया जाएगा।
-सत्र 2021-22 के लिए दी गई कक्षा एक की पाठ्य पुस्तक के अनुसार पढ़ाया जाएगा।
-विगत शैक्षणिक सत्र में स्कूलों के बंद रहने के कारण कक्षा 2 के बच्चों में आए लर्निंग गेप को समाप्त करने के लिए शिक्षकों से अपेक्षा है कि, कक्षा 2 के बच्चों को भी आगामी निर्देश तक कक्षा एक के पाठ्यपुस्तक के अनुसार ही पढ़ाया जाएगा।

-कक्षा 2 के बच्चों के पास पिछले सत्र की कक्षा पहली की पाठ्यपुस्तक आदि उपलब्ध हो, तो ऐसे बच्चों को पहले सत्र की कक्षा एक की किताब शाला में लाने के निर्देश दिए जाएं।
-ऐसे बच्चे जिनके पास पहली कक्षा की किताबें नहीं है, उन्हें कॉपी, स्लेट, रनिंग ब्लैक बोर्ड आदि पर कक्षा एक की पाठ्यपुस्तक के आधार पर अभ्यास कराया जाएगा।
-कक्षा पहली और दूसरी के सभी बच्चों को आगामी निर्देश जारी होने तक कक्षा एक की दक्षता पर ही कार्य कराए जाएंगे। दूसरी क्लास की किताबों नहीं कराया जाएगा।
-कक्षा 3 से 5वीं के छात्रों की कक्षाओं के लिए शाला में उपलब्ध शिक्षकों की संख्या के आधार पर बैठक व्यवस्था करने के निर्देश दिए गए हैं।
-20 से 27 सितंबर तक तक प्रयास अभ्यास पुस्तिका पर कार्य एवं दक्षता उन्नयन बेसलाइन टेस्ट से किया जाएगा।
-28 सितंबर से 13 नवंबर तक कक्षा 4 के लिए दक्षता उन्नयन हिंदी, अंग्रेजी व गणित संपूर्ण दिवस पढ़ाए जाएंगे, जिसके तहत सुबह 10:30 से दोपहर 2 बजे तक दक्षता उन्नयन और दोपहर 2:30 बजे से 5:30 बजे तक NAS की तैयारी कराई जाएगी।

-15 नवंबर से 15 जनवरी तक पूर्व कक्षा के लर्निंग आउटकम के आधार पर ब्रिजिंग शिक्षण कार्य और ब्रिजिंग के लिए कार्य पुस्तिकाएं अलग से उपलब्ध कराई जाएंगी।
-दक्षता उन्नयन के लिए एक कालखंड बूस्टर डोज के रूप में सम्मिलित रहेगा। 16 जनवरी 22 से 16 अप्रैल 2022 तक वर्तमान कक्षा के लिए पाठ्यपुस्तक आधारित ऐड ग्रेट शिक्षण रहेगा।

 

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